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शिशु के शारीरिक और मानसिक विकास को मां का दूध जरूरी

हिन्दुस्तान टीम,बहराइचPublished By: Newswrap
Tue, 03 Aug 2021 11:30 PM
शिशु के शारीरिक और मानसिक विकास को मां का दूध जरूरी

बहराइच। संवाददाता

सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र हुज़ूरपुर के चिकित्सा अधीकारी डॉ.फहीम ने विश्व स्तनपान सप्ताह के अंतर्गत आगा खान फाउंडेशन के सहयोग से पोस्टर का जागरूकता गोष्ठी का आयोजन किया। जिसमें क्षेत्र की सभी आशाएं व अन्य स्वास्थ्य कर्मी मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि शिशु के लिए स्तनपान सर्वोत्तम आहार तथा शिशु का मौलिक अधिकार है। मां का दूध शिशु के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए तो जरूरी है। साथ ही यह शिशु को डायरिया, निमोनिया एवं कुपोषण से बचाने में मदद करता है।

शिशु जन्म के एक घंटे के भीतर शीघ्र स्तनपान, छह माह तक केवल स्तनपान और कम से कम दो वर्ष तक मां का स्तनपान अनिवार्य है। उन्होंने आशा संगिनी एवं आशाओं को निर्देशित किया कि वह अपने क्षेत्र में जन समुदाय में स्तनपान से होने वाले लाभ के बारे में जागरूकता बढ़ाएं व इस मुहिम को पूरा करने में आंगनवाड़ी, एएनएम, ग्राम प्रधान का पूरा सहयोग लें। फाउंडेशन के ब्लॉक समन्वयक मोहम्मद जावेद ने कहा कि स्तनपान के दौरान माताएं बच्चे के साथ कुछ बातचीत करते रहें। बीसीपीएम शान्ति ने बताया कि प्रत्येक वर्ष जन समुदाय को स्तनपान के महत्व के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से एक से सात अगस्त तक विश्व स्तनपान सप्ताह के रूप में मनाया जाता है। इस वर्ष इसे सुरक्षित स्तनपान एक साझा जिम्मेदारी की थीम पर मनाया जा रहा है।

स्तनपान शिशु के लिए अमृत के समान है। स्तनपान कराने से जहां मां और शिशु के बीच का जुड़ाव बढ़ता है वहीं पहला गाढ़ा पीला दूध बच्चे के पहले टीके का काम करता है। स्तनपान कराने से न केवल शिशुओं और माताओं को बल्कि समाज और देश को भी कई लाभ होते हैं। बीपीएम प्रतिभा ने भी महत्वपूर्ण जानकारी दी। इस अवसर पर जागरूकता रैली भी निकाली गई। बैठक में बीपीएम प्रतिभा सोनकर, यूपीटीएसयू के दिनेश सिंह, सेव द चिल्ड्रेन के सुमितपुरी आदि लोग मौजूद रहे।

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