जिंदगी भर जले तो जाना मुहब्बत क्या है

Jan 05, 2026 05:26 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, बहराइच
share Share
Follow Us on

Bahraich News - बहराइच में कलेक्ट्रेट के सेनानी सभागार में स्व. अचार्य दुर्गा प्रसाद त्रिपाठी की पुण्यतिथि मनाई गई। इस अवसर पर कवि वीरेश पांडेय सहित कई कवियों ने काव्य पाठ किया। पूर्व छात्र संघ के अध्यक्ष अनिल त्रिपाठी ने स्व. अचार्य के व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला।

जिंदगी भर जले तो जाना मुहब्बत क्या है

बहराइच, संवाददाता। कलेक्ट्रेट स्थित सेनानी सभागार में बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष रामछबीले शुक्ल की अध्यक्षता में स्व.अचार्य दुर्गा प्रसाद त्रिपाठी की पुण्यतिथि मनाई गई। विशिष्ट अतिथि पुत्तीलाल बाजपेई अयोध्या प्रसाद नवीन रहे। इस अवसर पर काव्य गोष्ठी भी हुई। जिसकी शुरुआत कवि वीरेश पांडेय की वाणी वंदना से हुई। उन्होंने पढ़ा राम का नाम लेते हुए जात हो। देशराज सिंह आजाद ने पढ़ा राष्ट्र के रक्षार्थ हमे जागना होगा। रमेश चन्द्र तिवारी ने पढ़ा निर्धन ही धनवान बने हैं। प्रदीप बहराइच ने पढ़ा खुशियों का आकाश पिता है। डॉ.दिनेश त्रिपाठी शम्श ने सुनाया भूलकर भी दीन दुखियों से न रखती वास्ता।

लक्ष्मीकांत त्रिपाठी मृदुल ने पढ़ा पिता जी तुम ये बहुत महान। शाश्वत सिंह ने पढ़ा सूरत ए हाल क्यूं न सुधरेगी। महेन्द्र प्रताप सिंह ने पढ़ा छोटा था पर छुद्र नहीं। डॉ.विनीत कुमार सिंह ने पढ़ा मेरे पिता तो अच्छे थे। देशराज सिंह मधुसूदन ने पढ़ा जिंदगी भर जले तो जाना मुहब्बत क्या है। मुझे अपने नसीब से शिकायत क्या है। गुलाब चन्द्र जायसवाल ने पढ़ा भारतवासी के साथ-साथ भारत को आगे बढ़ना है। डॉ.अशोक कुमार गुलशन ने पढ़ा कभी बैठकर कभी लेटकर चल कर रोए बाबू जी। अजीत मौर्या ने पढ़ा न जाने कितनी बड़ी है प्यास सारा समुंदर सोख चुके हैं। पूर्व छात्र संघ के अध्यक्ष अनिल त्रिपाठी ने स्व.आचार्य के व्यक्तित्व व कृतित्व पर प्रकाश डाला।

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।