DA Image
हिंदी न्यूज़ › उत्तर प्रदेश › बागपत › यमुना खादर में गेहूं कटाई को लेकर फिर से तनाव की स्थिति
बागपत

यमुना खादर में गेहूं कटाई को लेकर फिर से तनाव की स्थिति

हिन्दुस्तान टीम,बागपतPublished By: Newswrap
Fri, 09 Apr 2021 09:50 PM
यमुना खादर में गेहूं कटाई को लेकर फिर से तनाव की स्थिति

यूपी और हरियाणा के किसानों के बीच पिछले 45 साल से चल रहे सीमा विवाद का समाधान अभी तक दोनों राज्य की सरकार कराने में कामयाब नहीं हो सकी है। जिसके चलते हर साल फसल कटाई को लेकर दोनों राज्यों के किनारे बसे गांवों के किसानों में खून खराबा होता रहता है। अब गेहूं कटाई का समय आ गया है तो वहीं यमुना खादर में फिर से तनाव की स्थिति बन गई है।

हरियाणा व यूपी के बीच यमुना है और इससे ही दोनों प्रदेशों का सीमांकन होता है। यमुना की धार हर बार बरसात में बदल जाती है और इस कारण ही हरियाणा की जमीन यूपी की ओर जाने पर वहां के किसान उस पर कब्जा कर लेते है। उस जमीन को लेकर ही काफी समय से विवाद चल रहा है और यह विवाद 1970 से पहले से चल रहा है। इस विवाद के बढ़ने पर केंद्र सरकार ने तत्कालीन कृषि मंत्री उमाशंकर दीक्षित की अध्यक्षता में कमेटी का गठन किया और दीक्षित अवॉर्ड के तहत दोनों प्रदेश की जमीन पर पिलर लगवाए गए। यह अवॉर्ड 1974-75 में किया गया और उस समय यमुना की धार को आधार मानकर सीमांकन कर दिया था। उस समय तय हुआ था कि यूपी के किसानों की जमीन हरियाणा की ओर है तो उस पर हरियाणा के किसान काबिज होंगे और हरियाणा के किसानों की जमीन यूपी की ओर है तो उस पर यूपी के किसान काबिज होंगे। उस पर कब्जा दिलवाने की कार्रवाई प्रशासन को करनी थी लेकिन उस पर कब्जा नहीं दिलवाया गया और यह विवाद लगातार बढ़ता गया था। जिसके बाद हर साल गेहूं के अलावा अन्य फसलों की कटाई के समय विवाद फिर से गहरा जाता है और खून खराबा होता रहता है।

कोरोनाकाल में दब गई विवाद के समाधान की उम्मीद

जनवरी 2020 में हरियाणा और यूपी के कई गांवों के किसानों के बीच चल रहे सीमा विवाद का निस्तारण करने के लिए दोनों राज्य के अफसरों ने पीलरों का चिन्हांकन करने और दोबारा पिलर लगाने की कार्रवाई श्ाुरू की थी, लेकिन कोरोाकाल शुरू होने के कारण समाधान की उम्मीद भी दब गई। जिससे पिलर चिन्हीकरण के बाद अब दूसरा कदम आगे नहीं बढ़ सके।

हरियाणा व यूपी के किसानों के बीच विवाद का समाधान करने के लिए लगातार दोनों राज्यों के अफसरों में बैठक चल रही है। गेहूं कटाई के कारण यमुना खादर में नजर रखी जा रही है। सभी थानों की पुलिस को अलर्ट कर दिया गया है। जहां जरा भी अराजकता होने पर तुरंत संज्ञान लिया जाएगा। पंचायत चुनाव संपन्न होने के बाद समाधान कराने में तेजी लाई जाएगी।

अमित कुमार, एडीएम बागपत।

संबंधित खबरें