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26 अक्तूबर, 2020|1:13|IST

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महत्वपूर्ण: साधन सहकारी समिति के चेयरमैन ने सुपारी देकर कराई थी बेटे की हत्या

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महत्वपूर्ण: साधन सहकारी समिति के चेयरमैन ने सुपारी देकर कराई थी बेटे की हत्या

-18 सितंबर को सिंघावली अहीर थाना क्षेत्र के हिसावदा गांव के जंगल मे मिली थी चेयरमैन के बेटे की लाश

-पुलिस ने साधन सहकारी समिति के चेयरमैन समेत तीन आरोपियो को गिरफ्तार कर किया केस का राजफाश

सचित्र-

बागपत। संवाददाता

18 सितंब को हिसावदा गांव के जंगल में गौरव यादव की हत्या का गुरुवार को पुलिस ने चौकाने वाला राजफाश किया। जिसमें पुलिस का दावा है कि गौरव की हत्या उसके ही पिता एवं साधन सहकारी समिति के चेयरमैन ने 1.5 लाख की सुपारी देकर कराई थी। जिसमें पुलिस ने आरोपित पिता समेत तीन लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है और सुपारी लेकर हत्या करने वाले बदमाश से तमंचा और कारतूस भी बरामद किए गए। जिसके बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया।

गुरुवार को एसपी अभिषेक सिंह व एएसपी मनीष मिश्रा ने प्रेस कांफ्रेंस करते हुए बताया कि गत 18 सितंबर को सिंघावली अहीर थाना क्षेत्र के हिसावदा के जंगल में किसान विमल के ईख के खेत में गत 18 सितंबर को युवक का निर्वस्त्र अवस्था में युवक का शव मिला था। शव पर खून से सने कपड़े उसके ऊपर डाल रखे थे। कपड़ों से मिले ड्राइविंग लाईसेंस से युवक की शिनाख्त 26 वर्षीय गौरव यादव पुत्र केपी यादव मूलनिवासी सैड़भर व हाल निवासी सूरज पार्क समयपुर बादली के रूप में हुई। जिसमे मृतक के पिता सहकारी समिति के चेयरमैन केपी यादव ने सिंघावली अहीर थाना पर अज्ञात में मुकदमा दर्ज कराया था। एसपी ने बताया कि हत्याकांड की जांच पड़ताल में पुलिस को कई अहम चौकाने वाले सबूत मिले। जिसमें मृतक गोरव के पिता कृष्णपाल सिंह ने ही सुपारी देकर हत्या कराई। जिसमें कृष्णपाल, सहड़भर गांव निवासी लियाकत और दिल्ली के नंदनगरी निवासी मनोज को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में मृतक के पिता कृष्णपाल मास्टर ने पूछताछ पर बताया कि गौरव नशे का आदी है, जो चरस गांजा आदि का नशा करता था। इसके अलावा कई बार जेल भी जा चुका है। जो कुछ महीने से अपने हिस्से की जमीन बेचने की फिराक में घूम रहा था। बताया कि जिसे रोकने पर गौरव उन्हें मारने फिराक में घूम रहा था। बताया कि इसके बाद उसने गौरव की हत्या की योजना बनाई। जिसके बाद उसने अपने पैतृक गांव आकर लियाकत को डेढ लाख रुपये में हत्या करने की सुपारी दे दी। जिसमें पुलिस ने लियाकत से हत्या में प्रयुक्त किया गया तमंचा भी बरामद किया। प्रेस कांफ्रेंस के बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया।

प्रोपर्टी का झांसा देकर गौरव को बुलाया

एसपी अभिषेक सिंह ने दावा किया कि लियाकत प्रोपर्टी का काम करता था, डेढ़ लाख रुपये की सुपारी लेने के बाद लियाकत ने प्रोपर्टी दिखाने के बहाने गौरव को अपने झांसे में लिया। जिसमें योजना के अनुसार नंदनगरी के रहने वाले मनोज उर्फ सूरज को भी अपने साथ ले लिया। जिसके बाद वे नंदनगरी से सहड़भर गांव के लिए चल दिये। जहां गाडी को साइड लगाने के बाद सीट के पीछे से गोली मारकर गौरव की हत्या कर दी।

1बाग7: प्रेस कांफ्रेंस करते एसपी और एएसपी व पीछे खड़े आरोपी।

1बाग12: मृतक गौरव का फाइल फोटो।

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  • Web Title:Important The chairman of the Instrument Cooperative Society had betrothed the son to death