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बदायूं

रात में बा स्कूल से बाहर कर दी सात लड़कियां, हंगामा

हिन्दुस्तान टीम,बदायूंPublished By: Newswrap
Fri, 17 Sep 2021 03:51 AM
रात में बा स्कूल से बाहर कर दी सात लड़कियां, हंगामा

उझानी। हिन्दुस्तान संवाद

छतुईया के कस्तूरबा आवासीय विद्यालय में आठ छात्राओं को आधी रात में बाहर निकाल देने पर अभिभावकों ने हंगामा काटा। हंगामे की सूचना पर पहुंची पुलिस ने अभिभावकों को समझा बुझाकर शांत करा दिया। दोपहर बाद पहुंचे बीएसए डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह व डीसी प्रशांत गंगवार ने पूरे मामले की जांच की और यहां पर सभी छात्राओं को एक हॉल में बैठाकर बयान दर्ज किये।

वार्डन पर अभद्रता करने व स्कूल में कार्य कराने का आरोप लगाने वाली सभी छात्राएं छतुईया गांव की हैं। बुधवार की रात 11 बजे छात्रा खुशी पुत्री सत्यभान, शिवानी पुत्री पुत्तू लाल, मीना पुत्री प्रेम पाल, आरती पुत्री वीरपाल, जान्सी पुत्री सत्यपाल, भारती पुत्री वीरपाल, गुनगुन पुत्री मनोज शर्मा को बॉ स्कूल की वार्डन ममता यादव ने काम न करने पर अभद्रता करते हुए स्कूल परिसर से बाहर निकालकर गेट बंद कर लिया। इस घटनाक्रम के बाद स्कूल की दूसरी शिक्षक ने छात्राओं को समझाते हुए वापस बुला लिया। रात को स्कूल से बाहर निकाली गयी छात्राओं ने सुबह छह बजे घर पहुंचकर परिजनों को पूरा वाक्या बताया तो परिजन स्कूल आ गये। अभिभावकों का आरोप है कि उन्होंने स्कूल आकर जब वार्डन से बात करने का प्रयास किया तो उनके साथ भी अभद्र व्यवहार किया और उनकी बात नहीं सुनी।

हंगामा करने का आरोप

वार्डन ममता यादव ने अभिभावकों पर हंगामा करने का आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने रात में किसी बच्चे को बाहर नहीं निकाला उन पर स्टॉफ के वहकाबे में आकर छात्राएं गलत आरोप लगा रहीं हैं। छात्राओं का आरोप है कि वार्डन उनसे बर्तन, कपड़े धुलवाती हैं। बिजली चले जाने पर पंखा से हवा करातीं हैं। मना करने पर पिटाई करतीं हैं और स्कूल से नाम काटने की भी धमकी देती हैं।

स्कूल की गुटबाजी सामने आई

उझानी के छतुईया गांव के कस्तूरबा आवासीय विद्यालय में ममता यादव को दो माह पूर्व चार्ज मिलने के बाद से स्कूल में गुटबाजी चल रही है। स्कूल की शिक्षकाओं के साथ छात्राओं के भी गुट बन गये हैं। वार्डन गुट दूसरे गुट पर छात्राओं को भड़काने का आरोप लगा रहा है। वार्डन स्कूल में अलग-अलग पड़ गयीं हैं। स्कूल में छतुईया की आठ छात्राओं के बाहर निकाले जाने के प्रकरण के बाद गुटबाजी उभरकर पूरी तरह सामने आ गईं है। दूसरे गुट की शिक्षकों पर किसी छात्रा ने भी किसी तरह का कोई आरोप नहीं लगाया है।

डीसी के साथ स्कूल गये थे, पूरे प्रकरण की जांच की। जांच में मिला कि वार्डन ने किसी छात्रा को रात में स्कूल से बाहर नहीं निकाला। कुछ छात्राओं में आपस में झगड़ा हो गया था, तो वार्डन ने समझा दिया था।

डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह, बीएसए बदायूं

हमारे लिये सभी छात्रायें बराबर हैं। किसी छात्रा को बाहर नहीं निकाला। स्टॉफ के द्वारा छात्राओं को बहकाने की कोशिश की गयी है। मेरे ऊपर लगाये गये आरोप निराधार हैं। अधिकारियों ने जांच में भी खुद सब कुछ देख लिया।

ममता यादव, वार्डन कस्तूरबा स्कूल छतुईया उझानी

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