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दिनरात ट्रिपिंग, फाल्ट का किसी को पता नहीं

हिन्दुस्तान टीम,बदायूंPublished By: Newswrap
Wed, 07 Jul 2021 04:01 AM
दिनरात ट्रिपिंग, फाल्ट का किसी को पता नहीं

बदायूं। संवाददाता

कटौती मुक्त शहर में सुबह से रात तक ट्रिपिंग की समस्या बनती जा रही है। फाल्ट कहां है यह किसी को भी पता नहीं। खुद अधिकारी इतना कह पाते हैं कि लोकल फाल्ट के नाम पर सप्लाई कटी होगी। जबकि शहर के हालात दिनोंदिन खराब होते जा रहे हैं। बिजली कब आएगी और कब जाएगी, इसके बारे में किसी को कुछ पता नहीं रहता। इतना जरूर है कि अंधाधुंध कटौती से हर तबका अब कराह चुका है।

कहने को तो बदायूं को कटौती मुक्त शहर बनाया जा चुका है। दावे और वादे भी बड़े-बड़े हुए लेकिन सच तो यह है कि भीषण गर्मी में यहां के हालात बदतर हो चुके हैं। दिन निकलने से लेकर रात होने तक तकरीबन हर घंटे में यहां बिजली गुल हो जाती है। कभी बहाना होता है कि 33 केवीए की लाइन ब्रेकडाउन में गई तो कभी लोकल फाल्ट या जंपर जलने के नाम पर बिजली गुल हो जाती है। वैसे तो शहर को रोशन करने के लिए नवादा, पनबड़िया, कचहरी, मीराजी चौकी व मीरा सराय बिजलीघर हैं लेकिन इन सभी बिजलीघरों के हालात इन दिनों काफी खराब हो चुके हैं। अंदरखाने वजह चाहें ओवरलोडिंग की रही हो या फिर जर्जर लाइनें न बदले जाने की लेकिन हर बार जिम्मेदार कंट्रोलरूम को कटौती का दोष देने से नहीं चूकते।

पसीना-पसीना हो रहे लोग

समूचे शहर के लोग बिजली व्यवस्था ध्वस्त होने के कारण पसीना-पसीना हो रहे हैं। कभी भी बिजली कट जाती है, जबकि लोगों का कहना है कि कटौती का अगर एक निर्धारित शेड्यूल बना दिया जाए तो दिक्कत नहीं होगी और पहले से ही लोग इंतजाम करके रखेंगे लेकिन मनमानी कटौती के चलते हर तबका कराह रहा है।

हर शिकायत पर चाहिए वसूली

संविदा पर तैनात हुए लाइनमैनों का खेल भी इसी बीच शुरू हो चुका है। बिजली कहीं की भी खराब हो लेकिन सूचना देने वाले से लाइनमैन मौके पर पहुंचने के बाद रुपये मांगने से नहीं चूकते। मसलन पांच घरों की सप्लाई गुल है तो समझो प्रत्येक गृहस्वामी को सौ रुपये सप्लाई बहाल कराने के देना होंगे। उस पर भी अगर कुछ देर बाद फिर बिजली गुल हो गई तो यही प्रक्रिया दोबारा अपनाना पड़ेगी।

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