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औरैयाचौपाल में डीएम ने ग्रामीणों की भ्रांतियों को दूर किया

हिन्दुस्तान टीम,औरैयाPublished By: Newswrap
Sat, 12 Jun 2021 04:32 AM
चौपाल में डीएम ने ग्रामीणों की भ्रांतियों को दूर किया

अजीतमल। संवाददाता

क्षेत्र के ग्राम बड़ैरा में चौपाल के माध्यम से डीएम ने लोगों से वार्ता की। समस्याओं का निस्तारण करते हुए वैक्सीनेशन को लेकर फैली भ्रान्तियों को दूर करते हुए वैक्सीन लगवाने की अपील की।

शुक्रवार को बड़ैरा गांव में स्थित बरगद के पेड़ के नीचे आयोजित चौपाल में मुख्य विषय कोरोना से जंग जीतने और वैक्सीनेशन कराने का रहा। लोगों ने लगाए गए शिविर में वैक्सीन लगवाई। जिला पंचायत सदस्य सोनू सेंगर ने ग्राम प्रधान अनुज सिंह सेंगर, बीडीओ अश्वनी सोनकर, अधीक्षक डॉ. विमल कुमार के साथ डोर टू डोर जाकर लोगों को चौपाल में आने और वैक्सीन लगवाने के लिए प्रेरित किया। दोपहर को एसीएमओ डा. शिशिरपुरी, एसडीएम विजेता, अतिरिक्त एसडीएम लवगीत कौर के साथ पहुंचे डीएम सुनील वर्मा ने चौपाल में लोगों की समस्याओं को सुना। बुजुर्गों और गांव की महिलाओं से वैक्सीनेशन के प्रति विचारों को साझा किया। एक बुजुर्ग ने बताया कि कुछ लोगों के मना करने के बाद भी उन्होंने सत्तर वर्ष की उम्र में दोनों टीके लगवा लिये। न बुखार आया न चक्कर।

गांव वालों के लिए मॉडल के रूप में बुजुर्ग को बताते हुए डीएम ने सभी लोगों को वैक्सीन लगवाने की अपील की। उन्होंने लोगों की समस्याओं को सुनकर भ्रांतियों का निस्तारण किया। इस दौरान ग्राम प्रधान अनुज सिंह ने गांव में जलनिकासी के लिए नाली निर्माण तथा गांव की जर्जर हो रही सड़क के दुरुस्तीकरण के लिए मांग की। जिला पंचायत सदस्य सोनू सेंगर ने पर्याप्त बिजली कनेक्शन होने के कारण रखे 100 केवीए के ट्रांसफार्मर पर अधिक लोड होने और लो वोल्टेज की समस्या से डीएम को अवगत कराया। उन्होंने नाला व सड़क निर्माण के लिए प्रस्ताव बनाकर भेजने के लिए कहा। एक्सईएन से बात कर शीघ्र ही 250 केवीए का ट्रांसफार्मर रखाये जाने का अश्वासन दिया। डीएम सुनील वर्मा ने चौपाल में मौजूद ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा कि वैक्सीनेशन के बाद हो सकता है हल्का बुखार आ जाए। लेकिन इसके लिए दी जा रही दवा के बाद सभी लोग स्वस्थ्य हो जाते हैं। कोरोना से जंग जीतने के लिए सिर्फ वैक्सीनेशन ही सबसे कारगर उपाय है। साथ ही वैक्सीनेशन का अर्थ यह नहीं है कि आप कैसे भी घूमों। वैक्सीनेशन के उपरांत भी सभी को मास्क लगाना चाहिए। शारीरिक दूरी तथा सेनेटाइजेशन का पालन करना चाहिए। वैक्सीनेशन सुरक्षा कवच है। इसका पालन करना चाहिए। उन्होंने बताया कि यदि किसी महिला का एक वर्ष का बच्चा है तो वही भी वैक्सीन लगवा ले। सिर्फ गर्भवतियों और गंभीर बीमारी से पीड़ित लोगों के लिए स्वस्थ्य होने तक का इंतजार करना चाहिए। वैक्सीनेशन से बच्चों को दूध पिलाने वाली महिलाओं को कोई खतरा नहीं होता है। भ्रम और भ्रान्तियों से दूर रहें। इस दौरान सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।

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