देवरिया में युवक की हत्या के बाद भड़का गुस्सा, थानेदार-चौकी इंचार्ज समेत 3 पुलिसवाले सस्पेंड

हिटी, भलुअनी (देवरिया)
Follow us on Google News
share

देवरिया के भलुअनी में 25 साल के एक युवक को बड़ी निर्ममता से चाकू से गोदकर मौत के घाट उतार दिया गया। इस हत्याकांड के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा भड़क गया। लोगों ने रास्ता जाम कर दिया। एसपी ने लापरवाही बरतने के आरोप में थानेदार, चौकी इंचार्ज और एक सिपाही को सस्पेंड कर दिया है। 

anger erupts after murder of a youth in deoria three policemen including station in charge outpost in charge suspended
देवरिया में युवक की हत्या के बाद भड़का गुस्सा, थानेदार-चौकी इंचार्ज समेत 3 पुलिसवाले सस्पेंड

उत्तर प्रदेश के देवरिया के भलुअनी में गुरुवार की रात बाइक सवारों ने एक युवक की चाकू से गोद कर हत्या कर दी थी। इस घटना को लेकर लोगों का गुस्सा भड़क गया। शुक्रवार की शाम पोस्टमार्टम के बाद शव पहुंचने पर आक्रोशित लोगों ने रास्ता जाम कर दिया। प्रथमदृष्टया दोषी पाए जाने पर थानाध्यक्ष, चौकी इंचार्ज और बीट सिपाही को सस्पेंड कर दिया गया है। मृतक के भाई की तहरीर पर चार पर हत्या का केस दर्ज किया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी को एसओजी, सर्विलांस, भलुअनी थाने की टीम लगाई गई है। मौके पर फोर्स तैनात है।

भलुअनी उपनगर के गांधीनगर निवासी मनीष सिंह मोनू (उम्र 25 साल) पुत्र प्रेम सिंह गुरुवार की रात कुछ देर में आने की बात कहकर घर से निकला था। देर रात खाद गोदाम के पास बाइक से आए कुछ युवकों ने उसे रोक लिया और पुरानी रंजिश को लेकर पर चाकू से हमला कर दिया। मनीष को मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां मृत घोषित कर दिया गया। घटना की सूचना पर पुलिस अफसरों ने मौके पर पहुंचकर जांच की। शुक्रवार को एसपी अभिजीत आर शंकर भी मौके पर पहुंचे और परिवार के लोगों से मुलाकात कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद शव पहुंचने पर भीड़ ने रास्ता जाम कर आक्रोश जताया। पुलिस ने चाइना अंसारी, अंबुज विश्वकर्मा, जयकिशुन यादव और नागेश यादव पर केस दर्ज किया है। लापरवाही के आरोप में थानाध्यक्ष राकेश कुमार राय, चौकी इंचार्ज ज्योति कुमारी और बीट सिपाही विनय कुमार ओझा को सस्पेंड कर दिया गया है।

पुलिस की लापरवाही ने ले ली मोनू की जान, भीड़ ने किया रास्ता जाम

मनीष सिंह मोनू की हत्या की स्क्रिप्ट एक सितंबर को ही लिख गई थी। हत्या की साजिश की भनक लगने के बाद मोनू थाने में पहुंचा और अपने जान माल की सुरक्षा की गुहार लगाई, लेकिन पुलिस ने मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया। पुलिस की इस लापरवाही ने आरोपियों का मनोबल बढ़ गया, मोनू सिंह की हत्या हो गई। इस घटना को लेकर पोस्टमार्टम के बाद शव पहुंचने पर लोगों का आक्रोश भड़क उठा और सड़क जाम कर दिया। इसके बाद पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। करीब तीन घंटे बाद एसडीएम प्रवीण कुमार को ज्ञापन सौंप भीड़ ने जाम समाप्त किया।

भलुअनी निवासी मोनू के पिता की आर्थिक स्थिति पहले खराब रही है। वह सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित कराते रहे हैं। मोनू अपने तीन भाईयों में सबसे छोटे थे, सबसे बड़े पुष्पेंद्र सिंह और उपेंद्र सिंह हैं। यह दोनों भाई वर्किंग हैं। वहीं अभी मोनू कोई काम नहीं करते थे। लेकिन मोहल्ले के लोग उन्हें बहुत दुलार देते थे। 149 नंबर गैंग संचालित करने वाले चाइना अंसारी से उनकी कुछ दिन पहले रंजिश हो गई। इसके बाद चाइना अपने गैंग के सदस्यों के साथ मिलकर उन्हें जान से मारने की धमकी देने लगा। मोनू को जब धमकी मिली तो वह अपने परिवार के लोगों को इसकी जानकारी दी, फिर एक सितंबर को ही पिता के साथ थाने में जाकर मोनू ने तहरीर दी और चाइना से जान बचाने की गुहार लगाई। भलुअनी पुलिस ने इस प्रकरण को बहुत गंभीरता से नहीं ली। जिम्मेदार ने बीट पुलिस अफसर विनय कुमार ओझा को प्रकरण की जांच करने की जिम्मेदारी दी। बीट पुलिस अफसर भी 10 दिनों तक जेब में ही प्रार्थना पत्र रखे रखा। न तो जिम्मेदारों को इसकी जानकारी दी और न ही कोई कार्रवाई की गई और अंतत: मनबढ़ों ने चाकू गोद कर मनीष की हत्या कर दी। बीट पुलिस अफसर ने ऐसा क्यों किया? इसको लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि पुलिस इसे गंभीरता से ली होती तो मोनू की जान नहीं जाती और दोषियों पर पहले ही कार्रवाई होने के चलते उनका मनोबल टूट जाता।

एसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए की सख्त कार्रवाई

सूचना मिलते ही एसपी अभिजीत आर शंकर मौके पर पहुंचे और आक्रोशित लोगों से बातचीत की। एसपी ने जिम्मेदारों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया। साथ ही शव रख कर जाम न करने की भी सलाह देते हुए 48 घंटे के अंदर आरोपियों को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया। लगभग एक घंटे तक एसपी मौके पर रहे और पूरी जानकारी लिए। उन्होंने लोगों को आश्वस्त किया कि हर हाल में आरोपियों पर सख्त कार्रवाई होगी। गुंडा से लेकर गैंगस्टर तक की कार्रवाई होगी। मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने सख्त कार्रवाई करते हुए थानाध्यक्ष, चौकी इंचार्ज और बीट सिपाही को निलंबित कर दिया।

क्या बोले एसपी

एसपी अभिजीत आर शंकर ने बताया कि युवक की चाकू मारकर हत्या हुई है। केस दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी को टीमें लगाई गई हैं। प्रथमदृष्टया लापरवाही मिलने पर थानाध्यक्ष, चौकी इंचार्ज और बीट सिपाही को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही मामले की जांच चल रही है। घटना में जिसकी भी लापरवाही मिली, उनपर कार्रवाई होगी। जल्द ही आरोपी भी गिरफ्तार कर लिए जाएंगे।

Ajay Singh

लेखक के बारे में

Ajay Singh

अजय कुमार सिंह पिछले आठ वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में पूर्वांचल के बड़े हिस्से से खबरों का कोआर्डिनेशन देख रहे हैं। वह हिन्दुस्तान ग्रुप से 2010 से जुड़े हैं। पत्रकारिता में 27 वर्षों का लंबा अनुभव रखने वाले अजय ने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। हिन्दुस्तान से पहले वह ईटीवी, इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। अजय राजनीति, क्राइम, सेहत, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी खबरों को गहराई से कवर करते हैं। बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट अजय फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में असिस्टेंट एडिटर हैं और उत्तर प्रदेश की राजनीति और क्राइम की खबरों पर विशेष फोकस रखते हैं।

और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News, UP News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News, और lucknow Weather अपडेट हिंदी में पढ़ें। साथ ही UP Chunav 2027 , UP Vidhan Sabha Seats और UP Election 2027 Candidates से जुड़ी ताज़ा खबरों के लिए Live Hindustan App अभी डाउनलोड करें।
Hindi NewsUP Newsयुवक की हत्या के बाद भड़का गुस्सा, थानेदार-चौकी इंचार्ज समेत 3 पुलिसवाले सस्पेंड