थाने से ही वसूली की कोशिश, डीजीपी के नाम से भेजा ई-मेल, गैंगस्टर की करतूत से अफसर हैरान
यूपी के अलीगढ़ में थाने से ही वसूली की कोशिश की गई है। गोरई थाने की आधिकारिक मेल आईडी पर डीजीपी के नाम से मेल भेजा गया है। हैरान करने वाली हरकत एक गैंगस्टर ने की है। बुलंदशहर से पुलिस ने गैंगस्टर नवनीत अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया है।

यूपी में पुलिस थाने से ही वसूली की कोशिश का हैरान करने वाला मामला सामने आया है। अलीगढ़ में गोरई थाने की आधिकारिक मेल पर डीजीपी के नाम से मेल कर वसूली की कोशिश हुई है। भेजे गए मेल में लिखा था कि थाने में कानून व्यवस्था के निर्वहन में घोर लापरवाही, अवैध वसूली व दलालों की सक्रिय भूमिका पाई गई है। इसके साथ ही कार्रवाई की चेतावनी दी गई। सर्विलांस की मदद से पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार अवैध वसूली के उद्देश्य से आरोपी ने यह कृत्य किया था। वह बुलंदशहर से गैंगस्टर का आरोपी है।
थाना गोरई के कंप्यूटर ऑपरेटर अरविंद कुमार मौर्या ने मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें कहा कि दो फरवरी को दोपहर 03:16 बजे डीजीपी राजीव कृष्ण के नाम से जीमेल आईडी (आईपीएसराजीवकृष्ण) से थाना गोरई की कार्यप्रणाली में पाई गई गंभीर अनियमितताओं, अवैध वसूली व दलालों की संलिप्तता के संबंध में कठोर चेतावनी देते हुए संदेश आया। इसमें लिखा था कि पुलिस महानिदेशक कार्यालय को आपके थाना क्षेत्र से संबंधित अत्यंत गंभीर, गोपनीय प्रमाणित सूचनाएं मिली हैं। इनके अनुसार थाना गोरई में कानून व्यवस्था के निर्वहन में लापरवाही, वसूली व बाहरी व्यक्तियों की भूमिका पाई गई है।
आगे लिखा था कि स्पष्ट रूप से निर्देशित किया जाता है कि किसी भी थाने में किसी भी प्रकार का दलाल, बाहरी व्यक्ति, किसी भी राजनीतिक या अन्य प्रभावशाली तत्व की उपस्थिति अथवा संलिप्तता अस्वीकार्य एवं दंडनीय है। थाना की समस्त गतिविधियां निरंतर निगरानी में हैं। पर्याप्त साक्ष्य, विवरण एवं अभिलेख उच्च स्तर पर संज्ञान में हैं। किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनियमितता या अवैध गतिविधि को अनदेखा नहीं किया जाएगा। कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया गया तो आपके विरुद्ध विभागीय जांच, निलंबन, सेवा अभिलेख में प्रतिकूल प्रविष्टि व कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
यह मेल आपको अंतिम व कठोर चेतावनी के रूप में जारी किया जा रहा है। इस पर अधिकारियों ने पुलिस मुख्यालय से जानकारी की तो ऐसा कोई मेल नहीं भेजा गया है। थानाध्यक्ष गोरई द्वारा तकनीकी तरीके से कराई गई तो पाया कि कस्बे के पैंठ बाजार निवासी नवनीत अग्रवाल पुत्र राकेश अग्रवाल ने यह मेल अपने मोबाइल से किया है। लोकेशन के आधार पर पुलिस ने नवनीत को गिरफ्तार कर लिया। उससे पूछताछ की जा रही है। शुक्रवार को उसे न्यायालय में पेश करके जेल भेजा जाएगा।
मेल आईडी पर लगा रखा था डीजीपी का फोटो
डीजीपी की आईडी पर उनका फोटो लगा हुआ है। आरोपी ने फर्जी तरीके से लोक सेवक के नाम से जीमेल आईडी तैयार की, जिससे भविष्य में कोई भी गतिविधि कर माहौल बिगाड़ने की आशंका भी जताई गई। उसके फोन में डीजीपी के अलावा चार अन्य जीमेल आईडी लॉग-इन मिलीं।
सॉव्लर गैंग का सदस्य भी रह चुका है आरोपी
पकड़ा गए आरोपी पर कुल चार मुकदमे दर्ज हैं। वह बुलंदशहर से गैंगस्टर भी रह चुका है। इसके अलावा परीक्षाओं में साल्वर गैंग का भी सदस्य रहा है।
थाने से वसूली करने का था उद्देश्य
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसने थाना गोरई को डराने के उद्देश्य से किया था। उसे लगा कि थाना प्रभारी भय में आ जाएंगे। इस पर वह खुद उनसे संपर्क करके अवैध वसूली करता। उसे लगा नहीं था कि पुलिस उसे पकड़ लेगी। एसपी देहात अम़त जैन के अनुसार आरोपी ने फर्जी ई-मेल आईडी बनाकर मेल भेजा था। इसका उद्देश्य अवैध वसूली करना था। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। इस पर कुल चार मुकदमे हैं।
लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव लाइव हिन्दुस्तान में पिछले छह वर्षों से यूपी सेक्शन को देख रहे हैं। यूपी की राजनीति, क्राइम और करेंट अफेयर से जुड़ी खबरों को कवर करने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। यूपी की राजनीतिक खबरों के साथ क्राइम की खबरों पर खास पकड़ रखते हैं। यूपी में हो रहे विकास कार्यों, शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में आ रहे बदलाव के साथ यहां की मूलभूत समस्याओं पर गहरी नजर रखते हैं।
पत्रकारिता में दो दशक का लंबा अनुभव रखने वाले योगेश ने डिजिटल से पहले प्रिंट में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। लम्बे समय तक हिन्दुस्तान वाराणसी में सिटी और पूर्वांचल के नौ जिलों की अपकंट्री टीम को लीड किया है। वाराणसी से पहले चड़ीगढ़ और प्रयागराज हिन्दुस्तान को लांच कराने वाली टीम में शामिल रहे। प्रयागराज की सिटी टीम का नेतृत्व भी किया।
बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से बीकॉम में ग्रेजुएट और बनारस की ही काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट योगेश ने कई स्पेशल प्रोजेक्ट पर काम भी किया है। राष्ट्रीय नेताओं के दौरों को कवर करते हुए उनके इंटरव्यू किये। नेताजी सुभाष चंद्र बोस की मौत से जुड़े रहस्यों पर हिन्दुस्तान के लिए सीरीज भी लिख चुके हैं।


