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29 जनवरी, 2020|2:32|IST

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सेंटर प्वाइंट के व्यापारियों ने दी सांकेतिक बाजार बंदी की चेतावनी

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सेंटर प्वाइंट के अधूरे निर्माण कार्य को लेकर व्यापारियों ने सांकेतिक बाजार बंदी की चेतावनी दी है। कहा कि एक साल एक माह तोड़फोड़ को पूरा हो गए, लेकिन चौराहे दुरुस्त नहीं हुए। कारोबार बुरी तरह से प्रभावित हुआ हे। सेंटर प्वाइंट के व्यापारी शुक्रवार को प्रशासन व नगर निगम से मुलाकात करेंगे और ठोस आश्वासन नहीं मिलने पर सड़क पर उतरेंगे।

स्मार्ट सिटी को लेकर प्रशासन ने 30 दिसंबर 2019 की रात को सेंटर प्वाइंट से तोड़फोड़ शुरू की थी। समद रोड, सेंटर प्वाइंट, मैरिस रोड, स्टेशन रोड व एसबीआई रोड पर महाबली चला था। करीब चार माह तक सड़कों पर मलबा पड़ा रहा था। सेंटर प्वाइंट का निर्माण कार्य अभी भी अधूरा पड़ा है। दीपावली पर व्यापारियों के विरोध के बाद काम तेज हुआ था, लेकिन उसके बाद फिर धीमा हो गया। गुरुवार को सेंटर प्वाइंट दीपक फास्ट फूड पर सेंटर प्वाइंट व्यापार मंडल के पदाधिकारियों की बैठक हुई। अध्यक्ष विवेक बगाई व महामंत्री दीपक गर्ग ने कहा कि सेंटर प्वाइंट का व्यापारी निर्माण को लेकर परेशान हैं। कभी एडीए खुदाई करता है तो विद्युत निगम और नगर निगम लगातार तोड़फोड़ कर रहा है। एक के बाद एक विभाग का काम बढ़ रहा है। अब जल निगम ने पाइप लाइन डालने को मार्केट खोद दिया। आखिर सेंटर प्वाइंट के व्यापारी कब तक इस समस्या से जूझते रहेंगे।

महामंत्री दीपक गर्ग ने चेतावनी दी कि व्यापारी सांकेतिक बंदी करेंगे। दोपहर तक बाजार बंद करेंगे और उसके बाद खोलेंगे। इसके बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ तो सड़क पर उतरने को मजबूर होंगे। व्यापारी शुक्रवार को प्रशासन व निगम के अफसरों से मुलाकात करेंगे।

28 दिसंबर को सड़क पर उतरने की थी योजना :

सेंटर प्वाइंट के अधूरे निर्माण कार्य को लेकर व्यापारियों ने 28 दिसंबर 2019 को सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन की रणनीति तय की थी, लेकिन शहर का माहौल खराब होने के कारण कार्यक्रम स्थगित कर दिया था। व्यापारियों का आरोप है कि 15 जनवरी बीत जाने के बाद भी हालात जस के तस हैं। व्यापारियों को कोई जानकारी नहीं है कि सेंटर प्वाइंट पर क्या काम होने वाला है।

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  • Web Title:Traders of Center Point warn of symbolic market closure