IAS दिव्या मित्तल के इस्तीफे के मामले में केंद्र हस्ताक्षेप करे, अजय राय का राज्यपाल को पत्र
IAS दिव्या मित्तल के इस्तीफे को लेकर सियासी हलचल तेज है। दिव्या मित्तल के इस्तीफे पर उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को पत्र लिखा है। मामले को वह केंद्र सरकार के समक्ष उठाएं, ताकि ईमानदार अधिकारियों का सम्मान सुरक्षित रहे।

आईएएस दिव्या मित्तल के इस्तीफा को लेकर उत्तर प्रदेश में सियासी हलचल थम नहीं रही है। दिव्या मित्तल के मामले में अब उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को पत्र लिखा है। अजय राय ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से मांग की है कि इस मामले को वह केंद्र सरकार के समक्ष उठाएं, ताकि ईमानदार अधिकारियों का सम्मान सुरक्षित रहे। उनका मनोबल कमजोर न किया जाए और उनके अनुभव का पूरा लाभ जनता को मिले। केंद्र सरकार हस्ताक्षेप करे।
अजय राय ने कहा कि आईएएस दिव्या मित्तल को फील्ड से हटाकर राजस्व विभाग में तैनात किया गया और इसके बाद उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने अपने इस्तीफे का कारण स्पष्ट नहीं किया है, लेकिन मौजूदा भाजपा सरकार के कार्यकाल में वर्ष 2017 के बाद से अब तक 13 आईएएस अधिकारियों ने या तो इस्तीफा दिया या वीआरएस लिया।
…तो छोटे अधिकारियों पर पड़ने वाले राजनीतिक दबाव की स्थिति क्या होगी?
उन्होंने कहा कि बड़ा सवाल यह है कि अगर बड़े अधिकारी जब संविधान और नियमों के अनुसार अपनी योग्यता और क्षमता के अनुरूप काम नहीं कर पाएंगे तो छोटे अधिकारियों व कर्मचारियों पर पड़ने वाले राजनीतिक दबाव की स्थिति क्या होगी? यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि भारतीय प्रशासनिक सेवा का अधिकारी किसी राजनीतिक दल के लिए नहीं, बल्कि संविधान और जनता के लिए काम करता है। इस संस्था की निष्पक्षता और सम्मान की रक्षा करना लोकतंत्र की मजबूती के लिए नितांत आवश्यक है।
आईएएस दिव्या मित्तल का इस्तीफा नियुक्ति विभाग पहुंचा
वहीं आईएएस दिव्या मित्तल का इस्तीफा सोमवार को नियुक्ति विभाग को मिल गया। इसमें इस्तीफे के कारण पारिवारिक एवं निजी बताए गए हैं। उच्चपदस्थ सूत्रों के मुताबिक इसे केंद्र सरकार को भेजा जाएगा, क्योंकि अंतिम निर्णय वहीं से होना है।
अंतिम निर्णय उच्चस्तर पर ही होना है
आपको बता दें कि यूपी काडर की वर्ष 2013 बैच की आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल ने रविवार को इस्तीफा दे दिया था। दिव्या को बीती मई में देवरिया के डीएम के पद से हटाकर राजस्व विभाग में अपेक्षाकृत कम महत्व के विशेष सचिव के पद पर तैनात किया गया था। वे तभी से असहज बताई जा रही थीं। सूत्रों के मुताबिक उनका त्यागपत्र केंद्रीय कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) को भेजने का निर्णय लिया गया है। इस विभाग के मंत्री प्रधानमंत्री हैं, इसलिए अंतिम निर्णय उच्चस्तर पर ही होना है। फाइल राष्ट्रपति भवन तक जाएगी क्योंकि आईएएस अधिकारियों के नियुक्ति प्राधिकारी वही होते हैं।


