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सिकंदरा पुलिस ने जेल भेजा बर्खास्त सिपाही विनोद जाट

बर्खास्त सिपाही विनोद जाट को सिकंदरा पुलिस ने जेल भेजा है। उसके खिलाफ वर्ष 2017 के एक मुकदमे में कोर्ट से गैर जमानती वारंट जारी हुए...

सिकंदरा पुलिस ने जेल भेजा बर्खास्त सिपाही विनोद जाट
हिन्दुस्तान टीम,आगराWed, 06 Dec 2023 11:10 PM
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बर्खास्त सिपाही विनोद जाट को सिकंदरा पुलिस ने जेल भेजा है। उसके खिलाफ वर्ष 2017 के एक मुकदमे में कोर्ट से गैर जमानती वारंट जारी हुए थे। उसकी घेराबंदी के लिए एक टीम कई दिनों से हाथरस के मुरसान थाना क्षेत्र में लगी हुई थी। विनोद जाट मामूली अपराधी नहीं है, 50 हजार का इनामी रह चुका है। उसका गैंग कई सनसनीखेज वारदात को अंजाम दे चुका है। हिस्ट्रीशीटर है। आगरा, अलीगढ़, हाथरस, मथुरा और झांसी में उसके खिलाफ मुकदमे दर्ज हैं।

हाथरस के मुरसान थाना क्षेत्र के गांव महामौनी निवासी विनोद जाट आगरा पुलिस के लिए कोई नया नाम नहीं है। वर्ष 2011 में पुलिस में सिपाही पद पर भर्ती हुए विनोद जाट की आगरा कर्मस्थली रही है। उसकी पहली तैनाती आगरा में थी। वर्ष 2014 में उसने अपने साथियों के साथ मोतीगंज में सरेशाम लूट की वारदात की थी। एक व्यापारी पर फायरिंग करके कैश का थैला लूटा था। उस समय उसकी एत्मादुद्दौला क्षेत्र स्थित एक धर्मस्थल में गारद ड्यूटी लगी हुई थी। ड्यूटी से गायब होकर वह चोरी की बाइक पर वारदात करने आया था। तत्कालीन एसएसपी शलभ माथुर ने उसे निलंबित किया था। आरोपित जेल गया था। उसके बाद बर्खास्त हुआ था। जुलाई 2017 में विनोद जाट के गैंग ने झांसी से सराफा कारोबारी राजू कमरिया और राहुल अग्रवाल का अपहरण किया था। दोनों अपहृत आगरा के सिकंदरा क्षेत्र स्थित एक अपार्टमेंट में रखे गए थे। एसटीएफ ने मुठभेड़ के दौरान अपहृत कारोबारियों को मुक्त कराया था। इस वारदात में विनोद जाट की पहचान टोल प्लाजा पर लगे सीसीटीवी कैमरे से हुई थी। टोल बचाने के लिए वह गाड़ी से उतरा था। उसने खुद को पुलिस कर्मी बताया था। इसी गाड़ी का पीछा करते हुए एसटीएफ लखनऊ यूनिट आगरा तक आई थी। एसटीएफ ने सिकंदरा थाने में पुलिस मुठभेड़ और दस्यु प्रभावी अधिनियम के तहत एक मुकदमा दर्ज कराया था। बर्खास्त सिपाही विनोद जाट भी इसमें आरोपित था। इसी मुकदमे में कोर्ट से उसके गैर जमानती वारंट जारी हुए थे। इंस्पेक्टर सिकंदरा नीरज कुमार शर्मा ने बताया कि आरोपित बर्खास्त सिपाही को कोर्ट के समक्ष पेश किया था। जहां से उसे जेल भेज दिया गया।

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