सिलेंडर बना ‘धुरंधर’, सोशल मीडिया पर मीम के जरिए इन्फ्लुएंसर ने आपदा में खोजा अवसर
एलपीजी गैस की भारी किल्लत के बीच सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स ने 'आपदा में अवसर' ढूंढ लिया है। गैस एजेंसियों पर मची मारामारी और लंबी लाइनों को आधार बनाकर 'नाले की गैस', 'इस्त्री पर रोटी' और 'इमर्शन रॉड से सब्जी' जैसे कंटेंट वाली रील्स तेजी से वायरल हो रही हैं।

Agra News: एलपीजी एजेंसियों पर भीड़। सिलेंडर लिए लाइन में लगे लोग। ऐसी मारामारी की स्थिति में भी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर ने आपदा में अवसर खोज लिया है। उन्हें बैठे-ठाले कंटेंट मिल गया है। इसे जमकर भुनाया भी जा रहा है। गैस किल्लत पर बनी हर वीडियो और रील तेजी से वायरल हो रही हैं।
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अभी तक अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध पर वीडियो, रील्स बना रहे थे। लेकिन यह एक गंभीर मुद्दा था। लिहाजा सोच-समझकर काम किया जा रहा था। चुनिंदा और गंभीर इन्फ्लुएंसर ही इस पर वीडियो या कंटेंट बनाने की हिम्मत कर रहे थे। इसी बीच गैस की किल्लत शुरू हुई तो मानो उन्हें पसंदीदा कंटेंट मिल गया। चूंकि इसमें कामेडी की गुंजाइश बहुत है। इसलिए कंटेंट में देशी जुगाड़ का तड़का लगाकर वीडियो और रील बनाने की होड़ लग गई। गैस का विकल्प के रूप में कई जुगाड़ों के वीडियो खूब वायरल हो रहे हैं।
इन वीडियो, रील्स पर हजारों-लाखों कमेंट भी आ रहे है। अधिकतर मजाकिया कमेंट कर रहे हैं। लेकिन कुछ संवेदनशील लोगों का कहना है कि ऐसे वीडियो बनाने वाले लोग देश की बदनामी करा रहे हैं। साथ में किल्लत को कृत्रिम रूप से और बढ़ा रहे हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ मुकदमा होना चाहिए। यह समय देश के साथ खड़े होने का है। अपने अंदरूनी मामले को सोशल मीडिया पर डालकर बदनामी नहीं करानी चाहिए।
नाले की गैस
सबसे ज्यादा वायरल यही वीडियो और रील्स हैं। इसमें नाले में पाइप डालकर सिलेंडर या चूल्हे में लेने की कोशिश की जा रही है। लेकिन गैस नहीं बन रही। यहां कहा जा रहा है कि अब लोगों के मल में वह दम नहीं है।
इस्त्री पर रोटी
प्रेस (इस्त्री) से रोटी सेंकने के वीडियो भी खूब वायरल हो रहे हैं। प्रेस को उल्टी करके उस पर रोटी सेकी जा रही हैं। यह देशी जुगाड़ लंबे समय से प्रचलित भी है। बनाने वाले कह रहे हैं कि उन्हें गैस की जरूरत नहीं है।
राड से सब्जी
पानी गर्म करने की इमर्शन राड से सब्जी और दाल बनाई जा रही है। गहरे बर्तन में सब्जी-दाल के बीच राड डालकर उबाला जा रहा है। यह भी देशी जुगाड़ है जो लाफ्टर के साथ खूब लाइक और शेयर बटोर रहा है।
उपलों की कालाबाजारी
एक वीडियो में लंबी लाइन लगी है। मारामारी की हालत है। आखिर में पता चलता है कि यह उपलों (कंडों) के लिए है। इसमें भी कालाबाजारी हो रही है। यह गैस किल्लत को अलग अंदाज में बयां करता है।
सिलेंडर हुआ चोरी
एक वीडियो में घट के ताले टूटे हुए हैं। पति-पत्नी बाहर से आकर देखते हैं और डर जाते हैं। पूरा घर चेक करते हैं। पैसे-जेवरात कुछ भी चोरी नहीं हुआ। जब रसोई में जाकर देखा तो सिलेंडर चोरी हो चुका था।
लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव लाइव हिन्दुस्तान में पिछले छह वर्षों से यूपी सेक्शन को देख रहे हैं। यूपी की राजनीति, क्राइम और करेंट अफेयर से जुड़ी खबरों को कवर करने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। यूपी की राजनीतिक खबरों के साथ क्राइम की खबरों पर खास पकड़ रखते हैं। यूपी में हो रहे विकास कार्यों, शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में आ रहे बदलाव के साथ यहां की मूलभूत समस्याओं पर गहरी नजर रखते हैं।
पत्रकारिता में दो दशक का लंबा अनुभव रखने वाले योगेश ने डिजिटल से पहले प्रिंट में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। लम्बे समय तक हिन्दुस्तान वाराणसी में सिटी और पूर्वांचल के नौ जिलों की अपकंट्री टीम को लीड किया है। वाराणसी से पहले चड़ीगढ़ और प्रयागराज हिन्दुस्तान को लांच कराने वाली टीम में शामिल रहे। प्रयागराज की सिटी टीम का नेतृत्व भी किया।
बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से बीकॉम में ग्रेजुएट और बनारस की ही काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट योगेश ने कई स्पेशल प्रोजेक्ट पर काम भी किया है। राष्ट्रीय नेताओं के दौरों को कवर करते हुए उनके इंटरव्यू किये। नेताजी सुभाष चंद्र बोस की मौत से जुड़े रहस्यों पर हिन्दुस्तान के लिए सीरीज भी लिख चुके हैं।


