
महिला सिपाही की मौत पर दरोगा और सिपाही पर केस, कमरे में फंदे से लटकती मिली थी लाश
28 वर्षीय हेमलता एक रिटायर्ड दरोगा के मकान में किराये पर रहती थीं। 29 नवंबर को हेमलता ने गांव में शादी में जाने के लिए छुट्टी ली थी। दोपहर में व्हॉट्सएप पर स्टेटस लगाते हुए लिखा कि हो सके तो सभी मुझे माफ कर देना। मैं किसी को हर्ट नहीं करना चाहती। पुलिस मौके पर पहुंची तो हेमलता फंदे पर लटकी मिली थी।
यूपी के अलीगढ़ के रोरावर थाने में तैनात रही महिला सिपाही हेमलता को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में दरोगा और सिपाही के खिलाफ बन्नादेवी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। महिला के सिपाही के भाई का आरोप है कि पूर्व में बन्नादेवी थाने में तैनाती के दौरान हेमलता ने दरोगा से शादी करने की बात कही थी। बाद में उसका ट्रांसफर हो गया तो उसकी मुलाकात अन्य सिपाही से हुई। अब उसने सिपाही से शादी करने की इच्छा जताई थी। लेकिन, वर्तमान में दोनों उसे मानसिक और भावनात्मक रूप से परेशान कर रहे थे। 28 वर्षीय हेमलता यहां बन्नादेवी क्षेत्र के जवाहर नगर में रिटायर्ड दरोगा नरेंद्र सिंह के मकान में किराये पर रहती थीं। 29 नवंबर को हेमलता ने गांव में शादी में जाने के लिए छुट्टी ली थी। दोपहर में व्हॉट्सएप पर स्टेटस लगाते हुए लिखा कि हो सके तो सभी मुझे माफ कर देना। मैं किसी को हर्ट नहीं करना चाहती। इसकी जानकारी पर पुलिस मौके पर पहुंची तो आंगन में हेमलता फंदे पर लटकी मिली थी। हेमलता साल 2015-16 बैच की सिपाही थीं।
आगरा के थाना कागारौल क्षेत्र के गांव बैमन निवासी उपेंद्र सिंह ने तहरीर दी। इसमें कहा कि उनकी बहन हेमलता कई साल से अलीगढ़ में तैनात थी। वर्तमान में रोरावर थाना पर आईजीआरएस पोर्टल पर कार्य कर रही थी। बातचीत के दौरान जब उससे शादी की कहते तो वह कहती थी कि अभी थोड़ा समय दो। मैं पुलिस विभाग के किसी व्यक्ति से शादी करूंगी। काफी समय पहले उसने थाना बन्नादेवी पर तैनात एक उप-निरीक्षक से शादी की बातचीत चलना बताया था और मुलाकात कराने की बात कही थी। बाद में उसका किसी अन्य जनपद में स्थानांतरण हो गया। वहीं हेमलता का थाना बन्नादेवी से महिला थाना, फिर रोरावर में स्थानांतरण हुआ, जहां उसकी मुलाकात रोरावर में तैनात एक सिपाही से हुई। दोनों एक-दूसरे के नजदीक आ गए। हेमलता ने भाई और परिजनों से कई बार उसका नाम लेकर शादी की इच्छा जाहिर की थी और मुलाकात कराने को कहा था। 30 नवंबर को चाचा की लड़की की शादी थी।
हेमलता ने कहा था कि वह शादी में आ रही है। सिपाही भी साथ आएगा। आप लोग बातचीत कर लेना। इससे पहले हेमलता 10 दिन की छुट्टी लेकर देवोत्थान पर घर आई थी। तब भी सिपाही से शादी की बात कही थी। आरोप है कि सिपाही को जब उप-निरीक्षक के बारे में जानकारी हुई तो उसने उप-निरीक्षक से बात की। इसके बाद दोनों ने हेमलता को मानसिक और भावनात्मक रूप से परेशान किया। इससे वह अवसाद में आ गई और आत्महत्या कर ली। इस संबंध में सीओ द्वितीय कमलेश कुमार ने बताया कि दरोगा और सिपाही के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जांच की जा रही है।
आत्महत्या से पहले डाला गया था स्टेटस
भाई का कहना है कि दोनों आरोपियों ने लगातार शादी का दबाव देकर मानसिक, शारीरिक और भावनात्मक रूप से हेमलता को प्रताड़ित करके आत्महत्या करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही फोन पर उसे परिजनों को जान से मारने की धमकी दी गई। आत्महत्या से पहले उसके द्वारा डाले गए स्टेटस से भी स्पष्ट है कि उसे परेशान किया जा रहा था।





