1.76 लाख बूथ पालक, 27633 शक्ति केंद्र; यूपी में बंगाल जैसी जीत के लिए बन गया BJP का महा-प्लान

Pramod Praveen लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
Follow us on Google News
share

UP Elections 2027: मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि चुनाव से पहले यूपी में भाजपा एक नई टीम भी बनाना चाह रही है। इस मुद्दे पर नई दिल्ली में एक हाई लेवल बैठक भी हुई है, जिसमें संगठन के नए ढांचे और रणनीतियों पर गहरा मंथन किया गया है।

1.76 लाख बूथ पालक, 27633 शक्ति केंद्र; यूपी में बंगाल जैसी जीत के लिए बन गया BJP का महा-प्लान

UP Elections 2027: पश्चिम बंगाल और असम में हुए हालिया विधानसभा चुनाव नतीजों से गदगद भाजपा अब देश के सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश में न सिर्फ जीत की हैट्रिक लगाने का ख्वाब देख रही है बल्कि बंगाल जैसी प्रचंड जीत की कोशिशों में जुट गई है। हालांकि, यूपी में विधानसभा चुनाव होने में अभी करीब एक साल बाकी हैं, लेकिन पार्टी ने अभी से ही तैयारियां शुरू कर दी हैं। पश्चिम बंगाल और असम चुनावों में 'माइक्रो-मैनेजमेंट' मॉडल की सफलता से उत्साहित भाजपा अब इसे उत्तर प्रदेश में बड़े पैमाने पर लागू करने जा रही है। इसी रणनीति के तहत पार्टी ने राज्यभर में लगभग 1.76 लाख "बूथ पालक" नियुक्त करने और जमीनी स्तर पर संगठन को सक्रिय करने का फैसला किया है।

हाल ही में राज्य की राजधानी लखनऊ में भाजपा के 98 संगठनात्मक जिलों के अध्यक्षों की एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी और संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह ने सभी जिला अध्यक्षों को स्पष्ट निर्देश दिया कि राज्य में 'बंगाल चुनाव मॉडल' को दोहराएं। यानी बंगाल की ही तरह बूथ लेवेल तक प्रबंधन करें। इसके तहत बूथ समितियों, पन्ना प्रमुखों और शक्ति केंद्रों पर नए सिरे से ध्यान केंद्रित करने का निर्देश दिया गया है।

जिलाध्यक्षों को क्या निर्देश?

पार्टी सूत्रों के मुताबिक, पार्टी ने सभी जिला प्रमुखों को निर्देश दिया है कि वे बूथ समितियों, पन्ना प्रमुखों, शक्ति केंद्रों और स्थानीय स्तर के राजनीतिक अभियानों पर नए सिरे से ध्यान देते हुए उत्तर प्रदेश में बंगाल चुनाव मॉडल को अपनाएं। बीजेपी का लक्ष्य आगामी महीनों में राज्य के सभी 1,62,459 विधानसभा बूथों का आकलन करना है, जिसमें 1,918 मंडलों में फैले 27,633 शक्ति केंद्र भी शामिल हैं। इस कवायद में मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) के बाद बनाए गए लगभग 14,000 नए बूथ भी शामिल होंगे। पार्टी नेताओं ने जिला इकाइयों को निर्देश दिया कि वे तुरंत बूथ समितियां बनाएं और इन नए जुड़े मतदान केंद्रों के लिए बूथ अध्यक्ष और बूथ देखभाल करने वाले (बूथ पालक) नियुक्त करें।

बीजेपी का क्या मेगा प्लान?

पार्टी ने प्रचंड जीत की रणनीति बनाते हुए चार प्रमुख बातों पर ध्यान दिया है। इसके तहत पन्ना प्रमुखों की नियुक्ति करने, शक्ति केंद्रों की स्थापना करने, बूथों का वर्गीकरण करने और हाइपर-लोकल लेवेल पर चुनाव प्रचार करने का फैसला किया गया है। बता दें कि पन्ना प्रमुख प्रणाली में हरेक पन्ना प्रमुख को मतदाता सूची के एक पन्ने पर दर्ज 30 से 35 मतदाताओं की जिम्मेदारी दी जाएगी, जिनसे वे नियमित संपर्क बनाए रखेंगे। इसके अतिरिक्त शक्ति केंद्र प्रणाली में 5 से 7 बूथों के समूहों को मिलाकर एक शक्ति केंद्र बनाने और उसके लिए एक समन्वयक तैनात किए जाने की योजना है, जो अनिश्चित मतदाताओं को प्रभावित करने का काम करेंगे।

हाइपर-लोकल लेवेल पर चुनाव प्रचार

इन दोनों उपायों के अलावा सूक्ष्म स्तर तक मतदाताओं को प3भावित करने के लिए भाजपा ने बूथों का वर्गीकरण करने का भी फैसला किया है। इसके तहत सभी बूथों को 'मजबूत', 'प्रतिस्पर्धी' और 'कमजोर' श्रेणियों में बांटा जाएगा ताकि कमजोर क्षेत्रों में अतिरिक्त संसाधन और निगरानी तैनात की जा सके। इसके अतिरिक्त भाजपा हाइपर-लोकल लेवेल पर चुनाव प्रचार करने की योजना पर भी काम कर रही है। इसके तहत स्थानीय मुद्दों के आधार पर बूथ स्तर पर विशेष प्रचार अभियान चलाया जाएगा। लखनऊ से दिल्ली तक बैठकों के दौर में सांगठनिक कामकाज को धार देने के लिए 'जोन वाइज' प्रभारियों की नियुक्ति पर भी विचार चल रहा है।

पुरानी गलतियों से सबक

सूत्रों ने बताया कि बैठक में 2024 के लोकसभा चुनावों के दौरान सामने आई कमियों को दूर करने पर भी ध्यान दिया गया। इस कड़ी में भाजपा उन 61 विधानसभा क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दे रही है, जिन्हें पार्टी ने 2017 में जीता था लेकिन 2022 के चुनावों में हार गई थी। जिला अध्यक्षों को इन क्षेत्रों में बूथवार समीक्षा करने और हार के कारणों की पहचान कर सुधारात्मक कदम उठाने को कहा गया है। उन क्षेत्रों में नए सामाजिक समीकरण बनाने के बी निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा, विपक्षी दल समाजवादी पार्टी के 'PDA' (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फॉर्मूले का मुकाबला करने के लिए भी भाजपा विभिन्न सामाजिक समूहों के बीच अपनी पैठ मजबूत करने की कोशिशों में जुट गई है।

SIR के मद्देनजर विशेष निर्देश

इन सबसे अलग विशेष गहन मतदाता पुनरीक्षण (SIR) को ध्यान में रखते हुए प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को खास निर्देश दिया है कि वे उन पात्र मतदाताओं की पहचान करें, जिनके नाम मतदाता सूची से गायब हैं। प्रदेश अध्यक्ष ने निर्देश दिया है कि कार्यकर्ता फॉर्म-6 के माध्यम से उन मतदाताओं के नाम जुड़वाने में उनकी मदद करें। साफ है कि 2027 के महा रण में भाजपा उत्तर प्रदेश की सत्ता में बने रहने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाह रही।

Pramod Praveen

लेखक के बारे में

Pramod Praveen

प्रमोद कुमार प्रवीण देश-विदेश की समसामयिक घटनाओं और राजनीतिक हलचलों पर चिंतन-मंथन करने वाले और पैनी पकड़ रखने वाले हैं। ईटीवी से पत्रकारिता में करियर की शुरुआत की। कुल करीब दो दशक का इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम करने का अनुभव रखते हैं। संप्रति लाइव हिन्दुस्तान में विगत तीन से ज्यादा वर्षों से समाचार संपादक के तौर पर कार्यरत हैं और अमूमन सांध्यकालीन पारी में बहुआयामी पत्रकारीय भूमिका का निर्वहन कर रहे हैं। हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप से पहले NDTV, जनसत्ता, ईटीवी, इंडिया न्यूज, फोकस न्यूज, साधना न्यूज और ईटीवी में कार्य करने का अनुभव है। कई संस्थानों में सियासी किस्सों का स्तंभकार और लेखक रहे हैं। विश्वविद्यालय स्तर से लेकर कई अकादमिक, शैक्षणिक और सामाजिक संगठनों द्वारा विभिन्न मंचों पर अकादमिक और पत्रकारिता में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित भी हुए हैं। रुचियों में फिल्में देखना और पढ़ना-पढ़ाना पसंद, सामाजिक और जनसरोकार के कार्यों में भी रुचि है।

अकादमिक योग्यता: भूगोल में जलवायु परिवर्तन जैसे गंभीर और संवेदनशील विषय पर पीएचडी उपाधिधारक हैं। इसके साथ ही पत्रकारिता एवं जनसंचार में स्नातकोत्तर भी हैं। पीएचडी शोध का विषय- 'मध्य गंगा घाटी में जलवायु परिवर्तन-एक भौगोलिक अध्ययन' रहा है। शोध के दौरान करीब दर्जन भर राष्ट्रीय और अंततराष्ट्रीय सम्मेलनों में शोध पत्र पढ़ने और प्रस्तुत करने का अनुभव है। भारतीय विज्ञान कांग्रेस में भी शोध पोस्टर प्रदर्शनी का चयन हो चुका है। शोध पर आधारित एक पुस्तक के लेखक हैं। पुस्तक का नाम 'मध्य गंगा घाटी में जलवायु परिवर्तन' है। पत्रकारिता में आने से पहले महाविद्यालय स्तर पर शिक्षण कार्य भी कर चुके हैं।

और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News , Pareet Yadav Death Live और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।