
यूपी में बीजेपी ने चरखारी के विधायक बृजभूषण राजपूत के खिलाफ लिया है। बृजभूषण को नोटिस किया है।। बीते दिनों बृजभूषण और जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह से विवाद हुआ था।

उत्तर प्रदेश की राजनीति में आगामी विधानसभा चुनाव 'मिशन-2027' को लेकर बिसात बिछनी शुरू हो गई है। भाजपा अपने संगठन और सरकार, दोनों में बड़े फेरबदल की तैयारी में है। एसआईआर के बाद इसे लेकर बैठकों का दौर जारी होने जा रहा है।

यूपी में भाजपा “बजट उपलब्धि अभियान” चलाएगी। 10 फरवरी तक पार्टी पदाधिकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे। विधायक और मंत्री अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर बजट की उपलब्धियां बताएंगे। गोष्ठी, प्रेस वार्ता और जनसंपर्क कार्यक्रमों के जरिए बजट की जानकारी जनता तक पहुंचाई जाएगी।

बीजेपी अध्यक्ष का पद संभालने के बाद नितिन नवीन ने कई ताबड़तोड़ फैसले लिए हैं। उन्होंने विनोद तावड़े को केरल विधानसभा चुनाव का जिम्मा दिया है। वहीं आशीष शेलार को तेलंगाना नगर निकाय चुनाव का प्रभारी बनाया है।

45 साल के नितिन नवीन बीजेपी के अब तक के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। उन्होंने सोमवार को नामांकन दाखिल किया। खुद प्रधानमंत्री भी उनके प्रस्तावक थे। मंगलवार को उनके पद संभालने का औपचारिक ऐलान होगा।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी सोमवार को गोरखपुर पहुंचेंगे। यहां उनके आगमन पर भव्य तैयारी की गई है। 80 स्थानों पर उनका स्वागत होगा। इसके अलावा बुलडोजर से भी पुष्प वर्षा कराने की तैयारी है।

चुनाव से पहले अभी पार्टी में कई काम होने हैं। इनमें मंत्रिमंडल विस्तार के अलावा खाली पड़े आयोग, निगम और बोर्डों के पदों को भरा जाना, नगर निकायों में 2800 से अधिक पाषर्दों का मनोनयन आदि शामिल हैं। प्रदेश संगठन की नई टीम और सभी जिलों में संगठनात्मक गठन भी होने हैं।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी का काशी टोल प्लाजा से लेकर कंकरखेड़ा बाईपास तक कई स्थानों पर भव्य स्वागत किया गया। इवारा रिसार्ट में आयोजित पश्चिम क्षेत्र की बैठक में प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा ही है।

पंकज चौधरी ने कहा कि जातिगत बैठकें और गतिविधियां पार्टी के संविधान के खिलाफ हैं। पार्टी अनुशासन से ऊपर कोई नहीं है। भविष्य में अगर भाजपा के किसी जनप्रतिनिधि द्वारा इस तरह की गतिविधियों को दोहराया गया तो इसे अनुशासनहीनता माना जाएगा। ऐसी कोई भी गतिविधि भाजपा की संवैधानिक परंपराओं के अनुकूल नहीं है।

यूपी प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कहा कि 2012 में पार्टी में वरिष्ठ नेता आजम खान मौजूद होने के बावजूद अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाया गया, जो सपा की आंतरिक कार्यशैली को दर्शाता है। उन्होंने PDA को पारिवारिक दल अलायंस बताया है।