Maharashtra MLC Elections: दानवे और शिवसेना (UBT) के सचिव मिलिंद नार्वेकर ने शिवसेना प्रमुख उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से बात की है और उनसे अनुरोध किया कि वह तीसरा अतिरिक्त उम्मीदवार खड़ा न करें ताकि चुनाव निर्विरोध हो सके।

भाजपा की सिल्लोड इकाई के प्रमुख मनोज मोरेलू ने सोमवार को संवाददाताओं से बातचीत में दावा किया कि सत्तार गोमांस खाते हैं और उन्होंने मंदिर की पवित्रता को भंग की है। उन्होंने कहा कि इसलिए हमने इसे शुद्ध करने के लिए गोमूत्र छिड़का।

एकनाथ शिंदे ने कहा कि सलमान खान की उपस्थिति में कुछ भी गलत नहीं है। यह पूरी तरह उचित है। उन्होंने कहा, 'वे मुंबई के निवासी हैं। इसलिए उनके मुंबई में आयोजित किसी कार्यक्रम में शामिल होने को राजनीतिक रंग नहीं देना चाहिए।'

फिल्म के निर्देशक नीरज पांडे ने विवाद के बाद माफी मांगी है और प्रचार सामग्री हटा दी है। उन्होंने कहा कि फिल्म एक काल्पनिक पुलिस ड्रामा है, जिसमें पंडत शब्द केवल एक काल्पनिक चरित्र का उपनाम है और यह किसी जाति का प्रतिनिधित्व नहीं करता।
मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि विमान हवा में अस्थिर था और जमीन से टकराते ही विस्फोट हो गया। इस हादसे से पूरा महाराष्ट्र और देश हैरान रह गया। अजित पवार महाराष्ट्र की राजनीति के प्रमुख स्तंभ थे, जिन्होंने सहकारिता में अहम योगदान दिया।
संजय राउत ने कहा, ‘कोश्यारी ने लोकतंत्र और संविधान की हत्या की। उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली सरकार को गिरा दिया।’ उन्होंने कहा कि कोश्यारी उद्धव ठाकरे की बहुमत वाली सरकार को गिराकर राज्य में भाजपा की सरकार लाना चाहते थे।
शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने कहा, 'हमने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है क्योंकि हमारे पार्षद गायब हैं। हम KDMC में पोस्टर लगाएंगे। वे हमारे चिह्न पर चुने गए थे, लेकिन जीत के 24 घंटे बाद ही उन्होंने अलग रास्ता चुन लिया। वे गद्दार हैं।'
बालासाहेब ठाकरे की 100वीं जयंती के अवसर पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर किए गए अपने पोस्ट में राज ठाकरे ने राजनीति के बदलते स्वरूप पर विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि आज की राजनीति में निष्ठा और सिद्धांतों से समझौता बढ़ता जा रहा है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि शिवसेना के एकनाथ शिंदे और नरेश म्हस्के, और MNS नेता राजू पाटिल के बीच हुई एक बैठक ने चुनाव बाद इस समर्थन की चर्चा को हवा दी है। हालांकि, म्हास्के ने इन दावों को खारिज कर दिया है।
ताजा घटनाएं महाराष्ट्र की सत्ताधारी महायुति में बढ़ते असंतोष और शक्ति संतुलन की लड़ाई को उजागर करती हैं। शिवसेना (शिंदे) भाजपा के उभरते प्रभाव से इतनी घबराई हुई है कि वह 2019 वाली स्थिति के दोहराव से बचना चाहती है।