
रांची विश्वविद्यालय के 67वें स्थापना दिवस समारोह का समापन हरित वीथिका और पौधरोपण कार्यक्रम से हुआ। कुलपति प्रो सरोज शर्मा ने पर्यावरण संरक्षण पर जोर दिया और कहा कि झारखंड की हरियाली और प्राकृतिक संपत्तियों को संरक्षित करना हमारी जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के पदाधिकारियों और एनएसएस स्वयंसेवकों ने सामूहिक पौधरोपण किया।

सिमडेगा महाविद्यालय में स्नातक कला, विज्ञान और वाणिज्य के लिए सत्र 2026-2030 के चयनित विद्यार्थियों का नामांकन शुरू हो चुका है। प्राचार्य प्रो. देवराज प्रसाद ने बताया कि छात्रों की सूची महाविद्यालय परिसर और कॉमन सर्विस सेंटर में उपलब्ध है। नामांकन की अंतिम तिथि 14 जुलाई है।

रांची विश्वविद्यालय ने शनिवार को विभिन्न पारंपरिक और व्यावसायिक स्नातक पाठ्यक्रमों में नामांकन के लिए प्रथम औपबंधिक प्रवेश सूची जारी की। पहले चरण का नामांकन 13 से 15 जुलाई के बीच होगा, जबकि दूसरे चरण का नामांकन 20 से 23 जुलाई के बीच होगा। प्रमाणपत्र सत्यापन 28-29 जुलाई को होगा।

रांची विश्वविद्यालय के 67वें स्थापना दिवस समारोह के दूसरे दिन शहीद चौक स्थित प्रशासनिक भवन परिसर में कला दिवस मनाया गया। इसमें एनएसएस छात्रों ने सोहराई पेंटिंग बनाकर परिसर को सजाया। कुलपति ने लोक कलाओं को संस्थागत मंच प्रदान करने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यक्रम में विभिन्न विश्वविद्यालय अधिकारियों ने भाग लिया।
रांची विश्वविद्यालय का 67वां स्थापना दिवस समारोह शुक्रवार को आर्यभट्ट सभागार में शुरू हुआ। कुलपति प्रो सरोज शर्मा ने विश्वविद्यालय की गौरवशाली परंपरा और शिक्षा के क्षेत्र में योगदान को रेखांकित किया। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने नृत्य प्रस्तुतियों से झारखंड की सांस्कृतिक विरासत का प्रदर्शन किया।
रांची विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर मनोविज्ञान विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. एमडी परवेज हसन को शोध निदेशक नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति झारखंड राज्य विश्वविद्यालय अधिनियम-2026 के तहत कुलपति द्वारा की गई है और यह तत्काल प्रभाव से लागू होगी।
रांची विश्वविद्यालय इस वर्ष अपनी स्थापना के 67 वर्ष पूरे कर रहा है। कुलपति प्रो. सरोज शर्मा के नेतृत्व में 10 से 12 जुलाई तक तीन दिवसीय समारोह का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर झारखंड की कला, संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण को प्रदर्शित किया जाएगा। समापन पर पर्यावरण संवाद और पौधरोपण अभियान होगा।
झारखंड हाईकोर्ट ने रांची विश्वविद्यालय के अस्थायी व्याख्याताओं को नियमितीकरण से जुड़े मामले में अंतरिम राहत प्रदान की है। कोर्ट ने आदेश दिया है कि मुख्य याचिका के निर्णय तक प्रार्थियों को सेवा से नहीं हटाया जाएगा। अगली सुनवाई अगस्त में होगी।
रांची विश्वविद्यालय में डॉ आशा लकड़ा ने एसटी और एससी से जुड़े मुद्दों पर समीक्षा बैठक की। उन्होंने छात्रों की समस्याओं का समाधान और कार्यशील हॉस्टल के निर्माण का सुझाव दिया। आयोग विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं की जानकारी भी उपलब्ध कराने पर जोर दे रहा है।
राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) की टीम बुधवार को रांची विश्वविद्यालय और डीएसपीएमयू का दौरा करेगी। आयोग का उद्देश्य एसटी छात्रों और कर्मचारियों को मिल रही सरकारी सुविधाओं की समीक्षा करना है। बैठक में छात्रवृत्ति और अन्य योजनाओं के संदर्भ में जानकारी जुटाई जाएगी।