
बहुजन समाज पार्टी के वोटरों पर मोदी के मंत्री और आरपीआई के अध्यक्ष रामदास आठवले की नजरें भी टिक गई हैं। उन्होंने मुरादाबाद में कहा कि बसपा से अपना हक वापस लेना है। आकाश आनंद को भी अपने साथ आने का न्योता दिया।

बसपा सुप्रीमो मायावती ने रविवार को मीडिया के सामने आकर अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को सावधान किया कि कुछ लोग उनके स्वास्थ्य को लेकर भ्रम फैला रहे हैं। उन्होंने बताया कि पार्टी को तीन सेक्टर में बांट दिया गया है, इसमें सेक्टर एक में यूपी और उत्तराखंड है और इनकी निगरानी और समीक्षा वह खुद कर रही है।

बसपा प्रमुख मायावती रविवार को मीडिया के सामने आईं। उन्होंने कहा कि वह खासतौर पर मीडिया के सामने आई हैं ताकि अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों को सावधान कर सकें। पार्टी से निकाले गए कुछ लोग यह भ्रम फैला रहे हैं कि बहन जी बीमार हैं। उन्होंने प्रमाण के तौर पर आकाश आनंद की एक कॉल का जिक्र किया।

बसपा सुप्रीमो मायावती ने अपने दोनों भतीजों आकाश आनंद और ईशान आनंद से पार्टी की जिम्मेदारी छीनने के बाद स्पष्ट कर दिया है कि अब उन दोनों में से किसी को बसपा में कोई छोटी या बड़ी जिम्मेदारी नहीं मिलेगी। इसके साथ ही मायावती ने खुद को कांशीराम की शिष्या और परिवारवाद से दूर बताया है।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने बड़े भतीजे आकाश आनंद के बाद छोटे भतीजे ईशान आनंद से भी जिम्मेदारी छीन ली है। उन्होंने अब अपनी भतीजी दीपिका आनंद को मौका देने की बात कही है। दीपिका अभी लंदन में वकालत की पढ़ाई कर रही हैं। मायावती ने यह भी बताया है कि यदि दीपिका तैयार नहीं हुईं तो किसे मौका मिलेगा।
मायावती ने 3 सितंबर को बड़े भतीजे आकाश आनंद को राष्ट्रीय कोआर्डिनेटर के पद से हटाने के बाद 7 सितंबर को छोटे भतीजे ईशान आनंद को मुख्य सेक्टर कोआर्डिनेट बनाया था। अब उन्होंने ईशान से भी जिम्मेदारी छीन ली है। मायावती का कहना है कि बसपा के मिशन की सफलता में किसी का रोड़ा बनना स्वीकार नहीं है।
बसपा से निकाले गए आकाश आनंद को पार्टी में शामिल करने को लेकर चंद्रशेखर ने सियासी दांव चला है। चंद्रशेखर ने आकाश आनंद को भाई बताया और कहा, वह उनके साथ आ जाएं। उनके लिए दरवाजे हमेशा खुले हैं।
बसपा प्रमुख मायावती ने सोशल मीडिया एक्स पर भावनात्मक एक पोस्ट लिखी है, जिसेमं उन्होंने अपने भाई आनंद से अपने दोनों बेटों को बसपा से दूर रहने को कहा है। साथ ही उन्होंने भतीजी दीपिका को बसपा में बड़ी जिम्मेदारी सौंपने की भी बात कही है।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने परिवारवाद पर बड़ा फैसला लेते हुए कहा कि आनंद कुमार के बेटों आकाश और ईशान आनंद को पार्टी में कोई राजनीतिक जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी। भविष्य में उनके बच्चों को भी पद नहीं मिलेगा। जरूरत पड़ने पर आनंद कुमार की बेटी दीपिका को जिम्मेदारी दी जा सकती है।
बसपा प्रमुख मायावती अपने परिवार और दल में घमासान के बीच शुक्रवार को सपा और कांग्रेस पर खूब बरसीं। सपा की नीली टीशर्ट को छलावा करार दिया और अपने समर्थकों से गुमराह नहीं होने की अपील की।