
मकर संक्रांति के दिन पांच वर्षीय अनुराग कुमार की पतंग उड़ाते समय कुएं में गिरने से मौत हो गई। यह घटना बाढ़ थाना क्षेत्र के छोटकी जमुनीचक में हुई। बच्चे की खोजबीन के दौरान उसकी चप्पल कुएं के पास मिली। परिजनों ने उसे कुएं से बाहर निकाला, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर उसे मृत घोषित कर दिया गया।

तेज प्रताप यादव के आवास पर चूड़ा-दही भोज की सफलता के बाद आतिशबाजी की गई। गुरुवार शाम को पटाखे छोड़कर तेज प्रताप और उनके समर्थकों ने जश्न मनाया।

सांसद सुधाकर सिंह ने सफाई दी है। उन्होंने कहा कि स्वाभाविक है कि मकर संक्रांति का पर्व कुछ लोग सार्वजनिक रूप से मनाते हैं तो कुछ लोग निजी तौर पर। इसमें महत्वपूर्ण खबर नहीं है।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी मकर संक्रांति के अवसर पर गुरुवार को लोजपा (रामविलास) के प्रदेश कार्यालय में आयोजित दही-चूड़ा भोज कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व केन्द्रीय मंत्री चिराग पासवान ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया।

पिता लालू तो आए लेकिन मां राबड़ी देवी नहीं आईं, एक महिला पत्रकार ने जब उनसे पूछ कि पिता का आशीर्वाद मिला, मां भी आएंगी क्या। यह सुनते हींतेज प्रताप ने माहौल बदल दिया।

Makar Sankranti 2026 : रांची समेत आसपास के इलाकों में गुरुवार को मकर संक्राति की धूम रहेगी। तिल-गुड़ की मिठास के साथ लोग पवित्र नदियों-जलाशयों में आस्था की डुबकी लगाएंगे। वहीं, बहुत से लोग घरों में गंगाजल मिले पानी से पुण्यकाल का स्नान करेंगे।

Makar Sankranti 2026 Wishes: आज यानी 15 जनवरी को भी मकर संक्रांति मनाई जा रही है। कुछ लोग कल भी इस पर्व को मना चुके हैं। इस खास मौके पर अपनों के नाम भेजें कुछ खास संदेश, जो उनके चेहरे पर मुस्कान बिखेर दे।

इस भोज में शामिल होकर लालू प्रसाद ने संतुलन साधने की कोशिश की। हालांकि राबड़ी देवी का नहीं आना चर्चा का विषय बना रहा। तेजस्वी यादव के तो आने की संभावना नहीं ही थी, लेकिन राबड़ी देवा के नहीं आने पर लोगों को आश्चर्य हुआ। तेजस्वी ने भी दूरी बनाए रखी।

Makar Sankranti Muhurat, Makar Sankranti 2026 Daan: अधिकतर लोग 15 जनवरी को मकर संक्रांति मनाएंगे। एक राशि से दूसरी राशि में सूर्य का प्रवेश करना ही संक्रांति है। माघ कृष्ण पक्ष की द्वादशी में मकर संक्रांति मनेगी।

लालू यादव के मित्र शिवानंद तिवारी ने उनके दोनों बेटों की दही-चूड़ा भोज में सक्रियता को लेकर तुलना की है और कहा है कि जहां तेज प्रताप यादव छाया हुआ है, वहीं तेजस्वी यादव ओझल है, गुम है।