
निज्जर मर्डर केस में कनाडाई पुलिस ने भारत सरकार को बड़ी क्लीन चिट दी है। अमेरिकी जांच 'ऑपरेशन हार्ड बॉल' में खुलासा हुआ है कि इस हत्या के पीछे जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का हाथ था।

कनाडा में खालिस्तानियों ने भारतीय राजनयिक दिनेश पटनायक का काफिला रोका और सरेआम तिरंगे का अपमान किया। पीयूष गोयल के कनाडाई दौरे के बीच कनाडाई पुलिस की मौजूदगी में हुई इस शर्मनाक घटना से सुरक्षा पर उठे बड़े सवाल।

कनाडा में भारत के उच्चायुक्त दिनेश पटनायक ने निज्जर मर्डर केस में कनाडा सरकार को कोर्ट में सबूत पेश करने की खुली चुनौती दी है। उन्होंने कनाडाई खुफिया एजेंसी CSIS को खालिस्तानियों के प्रभाव में बताया है।

कनाडा की खुफिया एजेंसी CSIS ने अपनी 'पब्लिक रिपोर्ट 2025' में भारत पर विदेशी दखलंदाजी और जासूसी के गंभीर आरोप लगाए हैं। रिपोर्ट में साथ ही खालिस्तानी खतरे को भी स्वीकार किया गया है। पढ़ें पूरी खबर।
कनाडा की संसद ने 'कॉम्बैटिंग हेट एक्ट' पास किया है। अब वहां खालिस्तानी झंडे फहराने और मंदिरों के बाहर डराने-धमकाने पर सख्त बैन लगेगा। भारत-कनाडा रिश्तों के लिए इसे एक बड़ा कदम माना जा रहा है। जानिए पूरी खबर।
RCMP कमिश्नर माइक डूहमे ने स्पष्ट किया है कि कनाडा में वर्तमान में भारत से जुड़ी कोई खुफिया या अंतरराष्ट्रीय दमनकारी गतिविधि नहीं चल रही है। पूर्व पीएम ट्रूडो के आरोपों, पीएम मार्क कार्नी के कूटनीतिक सुधारों पर पूरी खबर पढ़ें।
नैन्सी को रात 9:30 बजे के करीब घायल अवस्था में पाया गया। वह खून से लथपथ मिली थीं। उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी अत्यधिक खून बहने के कारण मौत हो गई। वह सोशल मीडिया पर तीखी टिप्पणियों के लिए जानी जाती थीं। इस हत्याकांड में खालिस्तानियों को भी संदेह से देखा जा रहा है।
कनाडाई नेता मार्क कार्नी का भारत दौरा: जस्टिन ट्रूडो की गलतियों से सबक लेते हुए कार्नी ने पंजाब और भांगड़ा से दूरी बनाई है। जानिए कैसे सुधरेंगे भारत-कनाडा के बीच तनावपूर्ण रिश्ते और क्या है इस कूटनीतिक दौरे का असल मकसद।
पीएम मार्क कार्नी के भारत दौरे से पहले कनाडा ने भारत को हिंसक अपराधों के आरोपों से क्लीन चिट दे दी है। जानिए ओटावा के इस बड़े कूटनीतिक यू-टर्न और खालिस्तानियों की नाराजगी से जुड़ी पूरी खबर।
कनाडा के पीएम मार्क कार्नी अहम भारत दौरे पर हैं। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य निज्जर विवाद के बाद रिश्तों को सुधारना, व्यापार को $50 बिलियन तक ले जाना और ऊर्जा साझेदारी (यूरेनियम डील) को बढ़ावा देना है। जानिए इस दौरे के मुख्य एजेंडे।