
फ्लाइट के बाथरूम में टिश्यू पेपर पर लिखा था कि फ्लाइट में बम है। यह पेपर एक यात्री ने देखा तो उसने तत्काल क्रू मेंबर को इसकी जानकारी दी। इसके बाद पॉयलट ने इमरजेंसी लैंडिंग की इजाजत मांगी। लखनऊ में इमरजेंसी लैंडिंग के बाद विमान के कोने-कोने को चेक किया जा रहा है।

राजस्थान सरकार ने आमजन के जीवन और स्वास्थ्य की सुरक्षा को सर्वोपरि मानते हुए राज्य की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को अत्यावश्यक श्रेणी में घोषित कर दिया है।

दरभंगा मेडिकल कॉलेज की प्राचार्य डॉ. अलका झा ने बताया कि करिकुलम कमेटी के सामूहिक निर्णय से 16 छात्रों को फॉर्म भरने से रोका गया है। कक्षाओं में इन छात्रों की उपस्थिति बहुत कम थी। फर्स्ट इंटरनल असेसमेंट में भी इनके अंक कम थे। इनका टर्म पूरा नहीं हुआ है। सिलेबस भी पूरा नहीं हुआ है।

जुंटा शासन की तीसरी वर्षगांठ के अवसर पर एक टेलीविजन संबोधन में मिन आंग हलेंग ने कहा कि मतदान जनगणना पूरी होने के बाद होगा। इसके साथ ही उन्होंने देश में बहुदलीय लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

इंडिगो विमान के उड़ान भरने के बाद इसके पायलट ने रात करीब 9:25 बजे हवाई यातायात नियंत्रण (ATC) को आपातकालीन स्थिति की सूचना दी। इसके बाद रात करीब 9:42 बजे विमान की सुरक्षित लैंडिंग मुंबई एयरपोर्ट पर कराई गई।

सांसद शशि थरूर ने लिखा, 'इंदिरा गांधी के पुत्र संजय गांधी ने जबरन नसबंदी अभियान चलाया जो इसका एक संगीन उदाहरण बन गया। पिछड़े ग्रामीण इलाकों में मनमाने लक्ष्यों को पूरा करने के लिए हिंसा और बल का इस्तेमाल किया गया।

आज ही के दिन यानी 25 जून, 1975 को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने आधी रात देश में इमरजेंसी घोषित कर दी थी। आपातकाल के 50 वर्ष पूरे होने पर PM मोदी ने कहा कि यह भारतीय लोकतंत्र के इतिहास के सबसे अंधकारमय अध्याय में से एक है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आपातकाल की 50वीं बरसी पर कहा कि संविधान में धर्मनिरपेक्ष और समाजवादी शब्द जोड़कर भारत की आत्मा पर कुठाराघात किया गया है। कहा, बाबा साहब ने जिन दलितों एवं वंचितों को अधिकार दिलाया। कांग्रेस ने उनकी आवाज को दबाने का कार्य किया।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश में आपातकाल लगाए जाने के 50 वर्ष पूरा होने के मौके पर बुधवार को कहा कि यह भारत के लोकतांत्रिक इतिहास के ‘सबसे काले अध्यायों’ में से एक था और तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने लोकतंत्र को बंदी बना लिया था।

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट ब्रीफिंग में जानकारी दी कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में 1975 में लगाए गए आपातकाल की कड़ी निंदा करते हुए एक प्रस्ताव पारित किया गया है।