
कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने बुधवार को अपने विस्तारित मंत्रिमंडल के सदस्यों के बीच विभागों के आवंटन का कार्य पूरा कर लिया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने मंत्रियों के विभागों में तुरंत किसी भी तरह के बदलाव या फेरबदल की संभावना से साफ इनकार कर दिया है।

डीके शिवकुमार ने राज्य मंत्रिमंडल में किसी महिला को शामिल नहीं किये जाने को लेकर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू की आलोचना पर पलटवार किया है। उन्होंने महिला राजनीतिक प्रतिनिधित्व के मुद्दे पर कर्नाटक को नसीहत देने से पहले केंद्र द्वारा अपने रिकॉर्ड पर गौर करने को कहा।

मुख्यमंत्री ने अपने नए मंत्रियों को निर्देश दिया कि वे अगले ही दिन से सूखा प्रभावित जिलों का दौरा शुरू करें और अधिकारियों के साथ मिलकर राहत कार्यों की निगरानी करें। सोमवार को राज्य में मंत्रिमंडल का विस्तार किया गया था।

शिवकुमार ने कहा कि मौजूदा माहौल में मुलाकात से अनावश्यक विवाद पैदा हो सकता था, इसलिए बेहतर माहौल बनने के बाद बैठक करना उचित रहेगा।राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन दोनों राज्यों को मिलकर काम करना होगा।
कर्नाटक में मुख्यमंत्री डी के शिवकुमार के विस्तारित मंत्रिपरिषद में जगह न मिलने से जहां नाराज वरिष्ठ विधायक यशवंतराय गौड़ा पाटिल ने सोमवार को विधानसभा से इस्तीफा दे दिया। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया शपथ समारोह से ही गायब दिखे।
कांग्रेस विधायक यशवंतरायगौड़ा पाटिल ने विधानसभा के उपाध्यक्ष रुद्रप्पा लामानी को अपना इस्तीफा सौंपा। इस्तीफे की घोषणा के बाद उनके समर्थकों ने विरोध प्रदर्शन किया और नारेबाजी करते हुए अन्याय किए जाने का आरोप लगाया।
कर्नाटक में मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार और 13 अन्य मंत्रियों के शपथ ग्रहण के दो महीने बाद कैबिनेट का विस्तार किया जा रहा है। कैबिनेट में 20 और मंत्रियों को जगह देने के लिए मंजूरी दी गई है। इस तरह मंत्रियों की कुल संख्या 34 हो जाएगी।
कर्नाटक दौरे पर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यहां के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने भरपूर समर्थन दिया है। डीके ने पीएम मोदी से कहाकि पूरा कर्नाटक आपके साथ खड़ा है। शाम की पांच बड़ी खबरें…
विवेक स्मारक के उद्घाटन समारोह में डीके शिवकुमार ने कहा, 'मेरे पास कहने के लिए बहुत कुछ है, लेकिन मुझे 5 मिनट का समय दिया गया है। मैं आपका समय बर्बाद नहीं करना चाहता। प्रधानमंत्री का संदेश देश के लिए बहुत अहम है।'
देश के चार अरबपति मुख्यमंत्रियों में कर्नाटक के सीएम डीके शिवकुमार का नाम सबसे ऊपर है। दूसरे नंबर पर आंध्र के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू और तीसरे पर तमिलनाडु के सीएम थलपति विजय हैं।