
राजस्थान में साइबर अपराधियों ने ठगी का नया और बेहद संगठित तरीका अपनाया है। इस बार जालसाज खुद को दूरसंचार नियामक संस्था TRAI या केंद्रीय जांच एजेंसियों का अधिकारी बताकर लोगों को निशाना बना रहे हैं।

लखनऊ पुलिस ने डिजिटल अरेस्ट कर 90 लाख रुपये ठगने वाले दो और शातिरों को राजस्थान से गिरफ्तार किया है। गिरोह ने आलमबाग के एक दंपती को 14 दिन तक डराकर ठगी की थी।

निवेशकों से ठगी के बहुचर्चित मामले में शाइन सिटी समूह का मुख्य संचालक नेपाल के रास्ते दुबई भाग निकला और वहां हीरे का कारोबारी बन गया। उसके तार 13 हजार करोड़ रुपये से अधिक रकम के पंजाब नेशनल बैंक घोटाले के मास्टरमाइंड मेहुल चोकसी से भी जुड़े थे।

पुलिस की एक टीम शनिवार सुबह कार्यालय पहुंची और विधायक बोरकर को अन्य लोगों के साथ वहां से घसीटकर ले गई। पुलिसकर्मियों को विधायक को मौके से उठाते और कार्यालय से बाहर लाते हुए देखा गया।

साइबर ठगों की स्क्रिप्ट में कुछ आम क्राइम शामिल होते हैं। जैसे कस्टम में आपके नाम से कोई अवैध ड्रग्स या पार्सल पकड़ा जाना, बैंक खाते से संदिग्ध या धोखाधड़ी वाले लेन-देन होना, मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप लगना, आतंकी फंडिंग में शामिल होने का झूठा केस, या फिर टैक्स चोरी जैसे गंभीर मामलों में नाम जोड़ देना।

गुड़गांव में रिटायर्ड कैग अफसर और उनकी पत्नी को साइबर ठगों ने 18 दिन डिजिटल अरेस्ट रखा। इस दौरान वीडियो कॉल से उन पर लगातार नजर रखी। अरेस्टिंग का डर दिखाकर 2.13 करोड़ ठग लिए।

नए नियमों के तहत AI कंटेंट की अनिवार्य रूप से लेबलिंग जरूरी है। बनावटी सामग्री बनाने या साझा करने की सुविधा देने वाले मंच को यह सुनिश्चित करना होगा कि ऐसे कंटेंट पर स्पष्ट रूप से और प्रमुखता से लेबल लगाया जाए।

यूपी के लखनऊ में साइबर जालसाजों ने नगर निगम के रिटायर इंस्पेक्टर को गोमतीनगर स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र के अंचल कार्यालय में शुक्रवार को ढाई घंटे डिजिटल अरेस्ट रखा। डीआईजी एटीएस, पुणे बताकर वीडियो कॉल की और पहलगाम आतंकी हमले में टेरर फंडिंग का आरोप लगाकर जेल भेजने की धमकी दी।

ट्रैप के दौरान जूनियर इंजीनियर को रिश्वत लेते पकड़े जाने के बाद दोनों अधिकारियों के परिसरों पर छापेमारी की गई। छापेमारी में दस्तावेजों के अलावा 1 लाख 88 हजार 500 रुपये की नकदी बरामद हुई।

देहरादून में 71 वर्षीय एक बुजुर्ग को साइबर ठगों ने 43 दिन डिजिटल अरेस्ट रखा। 6 करोड़ के फर्जी मनी लॉन्ड्रिंग का डर दिखाकर 64 लाख रुपए ठग लिए। बुजुर्ग इस दौरान गिरफ्तारी और बदनामी के डर से घर पर कैद रहे।