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म्युनिख ओलिंपिक 1972 कांस्य पदक विजेता हॉकी गोलकीपर मैनुअल फ्रेडरिक का निधन

म्युनिख ओलिंपिक 1972 कांस्य पदक विजेता हॉकी गोलकीपर मैनुअल फ्रेडरिक का निधन

संक्षेप: भारतीय पुरूष हॉकी टीम के पूर्व गोलकीपर और म्युनिख ओलिंपिक 1972 की कांस्य पदक विजेता टीम के सदस्य मैनुअल फ्रेडरिक का शुक्रवार को सुबह बेंगलुरू में निधन हो गया। वह 78 वर्ष के थे और उनके परिवार में दो बेटियां हैं। वह पिछले दस महीने से प्रोस्टेट कैंसर से जूझ रहे थे।

Fri, 31 Oct 2025 03:14 PMChandra Prakash Pandey लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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भारतीय पुरूष हॉकी टीम के पूर्व गोलकीपर और म्युनिख ओलिंपिक 1972 की कांस्य पदक विजेता टीम के सदस्य मैनुअल फ्रेडरिक का शुक्रवार को सुबह बेंगलुरू में निधन हो गया। वह 78 वर्ष के थे और उनके परिवार में दो बेटियां हैं। वह पिछले दस महीने से प्रोस्टेट कैंसर से जूझ रहे थे।

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केरल के कन्नूर में 20 अक्टूबर 1947 को जन्मे फ्रेडरिक ओलिंपिक पदक जीतने वाले प्रदेश के पहले खिलाड़ी थे। उनके अलावा केरल से पी आर श्रीजेश ने तोक्यो और पेरिस ओलिंपिक में कांस्य पदक जीता है और वह भी हॉकी गोलकीपर रहे हैं।

काफी पहले बेंगलुरू में आ बसे फ्रेडरिक एक साल पहले पत्नी शीतला के निधन के बाद से अवसाद में भी थे। उनकी बेटी फ्रेशना ने कहा, ‘डैड का सुबह निधन हो गया। वह पिछले दस महीने से कैंसर से जूझ रहे थे और एक साल पहले मां के जाने के बाद से अवसाद में भी थे।’

उन्होंने कहा, ‘हमने बहुत कोशिश की लेकिन उन्हें पीलिया भी हो गया था जिससे उनका लिवर प्रभावित हुआ और उनकी हालत बिगड़ गई।’

फ्रेडरिक को 2019 में खेलों में आजीवन उपलब्धियों के लिये मेजर ध्यानचंद पुरस्कार भी दिया गया था।

हॉकी इंडिया ने भी उनके निधन पर शोक जताया है।

हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने एक बयान में कहा, ‘मैनुअल फ्रेडरिक भारत के बेहतरीन गोलकीपरों में से एक थे। भारतीय हॉकी के स्वर्णिम दौर में उनके योगदान को हमेशा याद रखा जायेगा। उनकी उपलब्धियों ने कई का मार्ग प्रशस्त किया जो शीर्ष स्तर पर भारत के लिये खेलने का सपना देखते थे।’

उन्होंने कहा, ‘हॉकी इंडिया की ओर से मैं उनके परिवार के प्रति संवेदनायें व्यक्त करता हूं। भारतीय हॉकी ने एक महान सपूत खो दिया लेकिन उनकी विरासत हमेशा जिंदा रहेगी।’

फ्रेडरिक ने कर्नाटक में एएससी और एचएएल के लिये भी खेला। इसके अलावा सेना, उत्तर प्रदेश और मोहन बागान क्लब टीम का भी हिस्सा रहे। उन्होंने नीदरलैंड में 1973 और अर्जेंटीना में 1978 विश्व कप खेला। भारत ने 1973 विश्व कप में रजत पदक जीता था।

Chandra Prakash Pandey

लेखक के बारे में

Chandra Prakash Pandey
चन्द्र प्रकाश पाण्डेय टीवी पत्रकारिता से शुरुआत। न्यूज24, हमार टीवी, श्री न्यूज, फोकस न्यूज और न्यूज वर्ल्ड इंडिया में अलग-अलग भूमिकाओं के बाद 2016 में नवभारत टाइम्स.कॉम के साथ डिजिटल पारी का आगाज। देश, दुनिया, राजनीति, खेल, अदालत, अपराध से जुड़ीं खबरों पर लेखन। एनबीटी में करीब 9 साल की शानदार पारी के बाद मार्च 2025 से लाइव हिंदुस्तान का हिस्सा और स्पोर्ट्स डेस्क इंचार्ज। मूल रूप से यूपी के देवरिया के निवासी। सीखने और समझने के सतत क्रम में भरोसा। और पढ़ें

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