अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

राजस्थान : तीसरी संतान दिव्यांग तो पंचायती चुनाव लड़ने की मिलेगी छूट

प्रतीकात्मक तस्वीर

राजस्थान विधानसभा ने राजस्थान पंचायती राज संशोधन विधेयक 2018 को गुरुवार को पारित कर दिया। इस संशोधन विधेयक के जरिए दो से अधिक संतान से जुड़े प्रावधान में ढील दी गई है।

इसके तहत अगर किसी दंपति की तीसरी संतान दिव्यांग है तो उसे दो संतान से जुड़े प्रावधान में छूट मिलेगी। इसी तरह कुष्ठ रोगियों को भी पंच का चुनाव लड़ने की अनुमति प्रदान की गई है। पंचायती राज मंत्री राजेंद्र राठौड़ ने इस संशोधन का प्रस्ताव किया और कहा कि कानून बनाते समय यह प्रावधान रखने की कोई मजबूत वजह रही होगी लेकिन मौजूदा समय में कुष्ठ रोगियों के पुनर्वास और उन्हें मुख्य धारा में लाने के उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए इस प्रावधान को समाप्त किया जाना चाहिए।

इसी तरह पूर्व कानून के तहत अगर किसी व्यक्ति के दो से अधिक संतान होती हैं तो वह पंच का चुनाव नहीं लड़ सकेगा। इस प्रावधान में दिव्यांग संतान होने की स्थिति में किसी छूट की व्यवस्था नहीं है। राठौड़ ने कहा कि इस कानून के तहत अपात्रता के उद्देश्य से बच्चों की गिनती करते समय दिव्यांग संतान को शामिल नहीं किया जाना चाहिए। इसी के लिए पंचायती राज कानून-1994 की धारा 19 के प्रावधान में संशोधन किया जा रहा है। सदन ने संशोधन विधेयक को पारित कर दिया।

SC का आदेश: NBCC की देखरेख में आम्रपाली की 16 संपत्तियां होंगी नीलाम

 

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Rajasthan Now candidate more than two children will be able to fight Panchayat elections