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राजस्थान के शिक्षामंत्री ने ऑफिस के बाहर क्यों लगा दिया पोस्टर, मदन दिलावर फिर चर्चा में आए

राजस्थान के शिक्षामंत्री मदन दिलावर ने तबादलों की आस लगाए बैठे शिक्षकों को जोर का झटका दिया है। शिक्षामंत्री ने साफ कह दिया है कि फिलहाल तबादलें नहीं होंगे। रोक जारी रहेगी। शिक्षक हुए मायूस।

राजस्थान के शिक्षामंत्री ने ऑफिस के बाहर क्यों लगा दिया पोस्टर, मदन दिलावर फिर चर्चा में आए
Prem Meenaलाइव हिंदुस्तान,जयपुरFri, 09 Feb 2024 08:26 AM
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राजस्थान के शिक्षामंत्री मदन दिलावर ने तबादलों की आस लगाए बैठे शिक्षकों को जोर का झटका दिया है। शिक्षामंत्री ने साफ कह दिया है कि फिलहाल तबादलें नहीं होंगे। रोक जारी रहेगी। ट्रांसफर के लिए अभी और इंतजार करना होगा। गुरुवार को शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने जयपुर में अपने ऑफिस के बाहर पोस्टर लगाकर बताया कि परीक्षाओं के कारण शिक्षा विभाग में फिलहाल ट्रांसफर नहीं किए जाएंगे। पोस्टर में साफ लिखा है कि परीक्षाओं के मद्दनजर शिक्षा विभाग में तबादले नहीं किए जा रहे हैं। उल्लेखनीय है इससे पहले मदन दिलावर अपने बयानों को लेकर काफी सुर्खियों में रहे हैं। उन्होंने एक समय भोजन करने का प्रण लिया है। उनका कहना है कि जब तक भगवान कृष्ण के जन्मस्थल पर भव्य मंदिर नहीं बन जाता तब तक वह दिन में एक ही बार भोजन करेंगेष बता दें, वह पहले भी राम मंदिर और धारा 370 को लेकर कड़े प्रण ले चुके हैं।

 सरकार के निर्णय पर निराशा जताई

डॉ रनजीत मीणा प्रदेश महामंत्री, राजस्थान शिक्षक संघ एकीकृत ने सरकार के निर्णय पर निराशा जताई है। उन्होंने कहा-  भजनलाल सरकार द्वारा तबादलों से बैन हटा दिया गया है अब 10 फरवरी से 20 फरवरी के मध्य तबादलों हो सकेंगे। इस तबादले के महाकुंभ में सबके तबादले होंगे लेकिन तृतीय श्रेणी अध्यापकों के तबादले नहीं होंगे राजस्थान शिक्षक संघ एकीकृत सरकार से मांग करता है के तृतीय श्रेणी अध्यापकों के तबादले भी आवश्यक हो। हमारे संगठन द्वारा विधानसभा चुनाव पूर्व भारतीय जनता पार्टी के  जयपुर कार्यालय में जाकर तृतीय श्रेणी अध्यापकों के तबादले की मांग की थी जिसे उन्होंने स्वीकार किया था। अब सरकार द्वारा अपना वादा निभाना चाहिए। 

पांच साल से कर रहे हैं इंतजार 

उल्लेखनीय है कि राज्य में पिछले पांच साल से तृतीय श्रेणी शिक्षकों के तबादले नहीं हो पाए हैं, ऐसे में कई स्कूलों में पद खाली पड़े हैं। दूसरी ओर वर्षों से बाहरी जिलों में बैठे शिक्षकों की तबादले के इंतजार में आंखें पथरा गई हैं। प्रदेश की पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने तृतीय श्रेणी शिक्षकों की मांग पर 18 अगस्त 2021 से शाला दर्पण पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन मांगे थे, जिसमें प्रदेश के 33 जिलों से कुल 80 हजार 781 शिक्षकों ने आवेदन कर तबादला करने की मांग की, लेकिन गहलोत सरकार ने आवेदन लेने के करीब दो साल तक सत्ता में रहने के बावजूद तबादले नहीं किए। अब शिक्षकों को नई सरकार से उम्मीद थी। लेकिन फिलहाल निऱाश है। 


 

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