DA Image
1 अगस्त, 2020|1:54|IST

अगली स्टोरी

गहलोत अपने विधायकों और मंत्रियो को सैर सपाटा करा कर विद्रोह को दबाना चाहते है - भाजपा का आरोप

राजस्थान में सियासी घटनाक्रम के मामले में किरदार बदलते जा रहे है। कभी गहलोत- पायलट आमने सामने होते है तो कभी सरकार और राज्यपाल के बीच खिंचतान सामने आती है। अब विधासनभा का सत्र तय होने के बाद बीजेपी कांग्रेस आमने सामने है। उपनेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने सीएम अशोक गहलोत के उस बयान की निंदा की है। जिसमें गहलोत ने कहा कि विधानसभा सत्र तय होते ही विधायकों के भाव आसमान छू रहे है। राठौड़ ने कहा कि गहलोत का यह बयान चुने हुए जनप्रतिनिधियों, राज्य विधानसभा व लोकतंत्र का अपमान है।

एक महीने से राजस्थान में कांग्रेस के अंतर्कलह से बने राजनीतिक वातावरण का पूरा श्रेय सीएम अशोक गहलोत को जाता है जो अंतर्कलह की वजह से अपने कुनबे को बांधकर नहीं रख सके। अब अपनी सत्ता बचाने के लिए देश में 'पॉलिटिकल टूरिज्म' के नाम पर कांग्रेस विधायकों को सैर-सपाटा करवाकर संभावित विद्रोह को दबाने का प्रयास कर रहे हैं। राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि राज्यसभा के चुनावों में मंत्रिमंडल के साथ विधायकों की बाड़ाबंदी का कीर्तिमान स्थापित किया। अब चार्टर्ड प्लेन पर करोड़ों रुपये खर्च कर जैसलमेर में पांच सितारा होटल में फिर पुलिस पहरे में कैद करना यह सिद्ध करता है कि राजस्थान में राजनीतिक भ्रष्टाचार का नंगा नाच हो रहा है। इसके बाद भी बीजेपी को रोज कई बार आरोपित करने की कोशिश करना गहलोत की आदत में शुमार हो गया है।

राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री अगर प्रजातांत्रिक मूल्यों पर विश्वास करते हैं तो विधायकों को बाड़ाबंदी से मुक्त कर दें। जिससे वो जनता की सुध ले सके। कोरोना के संक्रमित मरीजों की संख्या 40 हजार पार कर रही है। राज्य में लगातार टिड्डी हमले और मानसून की बेरुखी से किसान परेशान हैं। अगर विधायक बाड़ाबंदी से निकलें तो इन समस्याओं का समाधान हो सके।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Gehlot wants to suppress the rebellion of MLAs BJP accuses