राजस्थान

सरहद ने बढ़ाई ग्रामीणों की चिंता, बॉर्डर पार कर 200 बकरियां गईं पाकिस्तान

एजेंसी , जयपुर Published By: Arun Binjola Last Modified: Wed, 19 Aug 2020 2:27 PM
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राजस्थान के जैसलमेर बॉर्डर पर शिफ्टिंग सेंड ड्यूंस अब बीएसएफ के साथ-साथ ग्रामीणों के लिए भी परेशानी का सबब बन गया है। इसके चलते तारबंदी ढक जाती है और बकरियां बॉर्डर पार कर पाकिस्तान में चली जाती हैं। करीब आधा दर्जन गांवों की बकरियां रेत पर चढ़कर सीमा पार कर के जा चुकी है।

राजस्थान के जैसलमेर बॉर्डर पर शिफ्टिंग सेंड ड्यूंस अब बीएसएफ  के साथ-साथ ग्रामीणों के लिए भी परेशानी का सबब बन गया है। इसके चलते तारबंदी ढक जाती है और बकरियां  बॉर्डर पार कर पाकिस्तान में  चली जाती हैं। करीब आधा दर्जन गांवों की बकरियां रेत पर चढ़कर सीमा पार  कर के जा चुकी है।

जैसलमेर- राजस्थान के जैसलमेर की सीमा बीएसएफ के साथ साथ वहा के गांव के लोगों के लिए भी परेशानी का कारण बन गई है। शिफ्टिंग सेंड ड्यूंस ग्रामीणों के लिए भी मुसीबत का कारण बन रहा है। शिफ्टिंग सेंड ड्यूंस के कारण तारबंदी पूरी तरह से रेत में ढक जाती है, जिससे सीमा पार करना आसान हो जाता है। हालांकि बीएसएफ के जवान तारबंदी को लेकर हमेशा चौकन्ना रहते हैं, लेकिन शिफ्टिंग सेंड ड्यूंस उनकी परेशानी को बढ़ा रहा है। इस सतर्कता के बावजूद करीब 10 दिन पहले दो सौ बकरियां तारबंदी पार कर पाकिस्तान चली गई है।

जैसलमेर में चलने वाली तेज आंधियों के कारण रेत के धोरे आंधियों के साथ अपनी जगह बदलते रहते हैं। आंधियों की वजह से कभी-कभी रेत तारबंदी को पूरी तरह से ढक लेती है। कई बार तारबंदी के नीचे की रेत भी आंधियों के साथ उड़ जाती है।

आपको बता दें कि ग्रामीणों के मुताबिक पोछीणा गांव के लाल सिंह की 80, चतुर सिंह की 40, हुकूम सिंह की 20, भोम सिंह की 10 व सुजान सिंह की 40 बकरियां रेत पर चढ़कर सरहद के पार पहुंच गई है। दरअसल सीमावर्ती गांवों में आजीविका का एकमात्र साधन पशुपालन ही है। ऐसे में बकरियों के सरहद पार जाने से संबंधित परिवारों के भरण-पोषण में परेशानी पैदा हो गई है। 
ग्रामीण पशुपालकों ने सरकार से मुआवजा और मदद की मांग की हैं। बता दें कि जैसलमेर के शाहगढ़ बॉर्डर को शिफ्टिंग बॉर्डर के नाम से जाना जाता है, लेकिन अब दूसरे गांवों में भी तेज आंधियों की वजह से रेत के टीले अपनी जगह बदल देते हैं शिफ्टिंग सेंड ड्यूंस के कारण पाकिस्तानी आंतकियों के घुसपैठ की भी आशंका बढ़ गई है।

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