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हिंदी न्यूज़ राजस्थानगहलोत और पायलट के झगड़े से केजरीवाल की पार्टी क्यों होगी खुश; 2 वजहें

गहलोत और पायलट के झगड़े से केजरीवाल की पार्टी क्यों होगी खुश; 2 वजहें

राजस्थान कांग्रेस में मची रार पर अभी पूरे देश की निगाहें हैं। ना सिर्फ भारतीय जनता पार्टी इस घमासान पर नजरें टिकाए हुए है, बल्कि आम आदमी पार्टी को भी इससे फायदे की उम्मीद जताई जा रही है।

गहलोत और पायलट के झगड़े से केजरीवाल की पार्टी क्यों होगी खुश; 2 वजहें
Sudhir Jhaलाइव हिन्दुस्तान,जयपुरTue, 27 Sep 2022 05:02 PM

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राजस्थान कांग्रेस में मची रार पर अभी पूरे देश की निगाहें हैं। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट के बीच झगड़े का असर ना सिर्फ राजस्थान में होगा बल्कि कांग्रेस अध्यक्ष चुनाव को लेकर बदल रहे परिदृश्य के रूप में इसका असर पार्टी में देशव्यापी होगा। अगले कुछ महीनों बाद ही गुजरात में विधानसभा चुनाव होने जा रहा है, जहां कांग्रेस के अभियान की बागडोर गहलोत के हाथ में ही है। ऐसे में गहलोत के रार में उलझ जाने से वहां भी इसका असर होना लगभग तय है।

राजस्थान में मुख्यमंत्री पद के लिए गहलोत और पायलट के बीच घमासान पर जहां एक तरफ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नजर गड़ाए हुए है तो आम आदमी पार्टी (आप) को भी कांग्रेस की इस 'आपदा' में अपने लिए 'अवसर' नजर आ रहा है। कांग्रेस के इस झगड़े का फायदा ना सिर्फ भाजपा उठाना चाहेगी, बल्कि राजस्थान से गुजरात तक 'आप' को भी फायदे की उम्मीद होगी। इसकी कम से कम दो वजहें अभी साफ हैं। 

अरविंद केजरीवाल की पार्टी को कांग्रेस के झगड़े का पहला और बड़ा फायदा गुजरात में हो सकता है, जहां 'आप' पूरे दमखम के साथ उतरी है।  गुजरात चुनाव में अशोक गहलोत को वरिष्ठ पर्यवेक्षक बनाया गया है तो कांग्रेस विधायक रघु शर्मा को गुजरात का प्रभारी नियुक्त किया गया है। दोनों गुजरात में अपनी भूमिका को अंजाम देने में भी जुटे थे, लेकिन राजस्थान के ताजा घटनाक्रम के बाद गुजरात में कांग्रेस के अभियान को धक्का लगना तय है। ऐस में आम आदमी पार्टी को इसका सीधा फायदा मिल सकता है। आप संजयोक अरविंद केजरीवाल ने लगातार दौरों और घोषणाओं से यहां अपनी पार्टी को चर्चा में ला दिया है। वह मुकाबले को बीजेपी बनाम आप बनाने की भरसक कोशिश कर रहे हैं। ऐसे में कांग्रेस के रास्ते में आने वाली हर मुश्किल 'आप' के लिए नए दरवाजे खोलेगी।  

राजस्थान में भी एंट्री करने जा रहे केजरीवाल
दिल्ली और पंजाब में कांग्रेस से सत्ता छीन चुकी 'आप' की नजरें राजस्थान में अगले साल होने जा रहे विधानसभा चुनाव पर भी है। पार्टी यहां संगठन को मजबूत करने में जुट गई है। अगले महीने पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल राजस्थान के दौरे पर जाने वाले हैं। ऐसे में कांग्रेस की गुटबाजी का फायदा उठाने की कोशिश भाजपा के अलावा 'आप' भी करेगी। दिल्ली में आप के एक विधायक ने तो पायलट को अपमानित बताते हुए उन्हें अपनी पार्टी में शामिल होने का न्योता तक दे डाला, हालांकि कुछ ही देर बाद उन्होंने अपना ट्वीट डिलीट कर दिया। 

झगड़े पर क्या बोले केजरीवाल
आप संयोजक अरविंद केजरीवाल से जब पत्रकारों ने गहलोत और पायलट के बीच झगड़े को लेकर सवाल किया तो उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस अपना घर नहीं संभाल पा रही है। गुजरात के एक सफाई कर्मचारी को अपने घर पर आमंत्रित करने वाले केजरीवाल ने दिल्ली में पत्रकारों से बातचीत में कहा, ''जिस तरह से वह (कांग्रेस) अपना घर नहीं संभाल पा रहे। एक तरह से देखा जाए तो दोनों ही पार्टी जोड़तोड़ की राजनीति करती हैं। कोई पार्टी यह नहीं कहती है कि हमें वोट दो हम आपके बच्चों के लिए स्कूल बना देंगे, आपके लिए अस्पताल बना देंगे, दवाइयां और इलाज मुफ्त कर देंगे, बिजली मुफ्त देंगे। वे तो उलटा कहते हैं कि केजरीवाल मुफ्त-मुफ्त कर रहा है, इसे बंद करो। आज देश को उम्मीद सिर्फ आम आदमी पार्टी से है।''

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