राजस्थान में कहां स्कूल में बच्चों को सैंटा बनाने पर लगा दी गई रोक, ऐक्शन की भी चेतावनी

Dec 24, 2025 05:53 pm ISTSachin Sharma लाइव हिन्दुस्तान, श्रीगंगानगर
share Share
Follow Us on

राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में क्रिसमस डे को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) की ओर से जारी एक आदेश इन दिनों सोशल मीडिया और शैक्षणिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है। यह आदेश 25 दिसंबर को मनाए जाने वाले क्रिसमस पर्व के संदर्भ में जारी किया गया है

राजस्थान में कहां स्कूल में बच्चों को सैंटा बनाने पर लगा दी गई रोक, ऐक्शन की भी चेतावनी

राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में क्रिसमस डे को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) की ओर से जारी एक आदेश इन दिनों सोशल मीडिया और शैक्षणिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है। यह आदेश 25 दिसंबर को मनाए जाने वाले क्रिसमस पर्व के संदर्भ में जारी किया गया है, जिसमें जिले के सभी सरकारी और निजी स्कूलों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे किसी भी छात्र पर जबरन क्रिसमस मनाने, सांता क्लॉज बनने या सांता की ड्रेस पहनने का दबाव न बनाएं। आदेश में चेतावनी दी गई है कि यदि इस तरह की कोई शिकायत सामने आती है, तो संबंधित स्कूल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

दरअसल, 25 दिसंबर को देशभर में क्रिसमस डे मनाया जाता है। इसी दिन भारत सरकार द्वारा घोषित ‘वीर बाल दिवस’ भी है, जिसे गुरु गोबिंद सिंह जी के साहिबजादों के बलिदान की स्मृति में मनाया जाता है। इसी को लेकर भारत तिब्बत सहयोग मंच की ओर से जिला शिक्षा अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा गया था। ज्ञापन में मंच ने आरोप लगाया था कि कुछ निजी स्कूलों द्वारा बच्चों पर जबरन क्रिसमस डे मनाने, सांता क्लॉज की पोशाक पहनने और कार्यक्रमों में भाग लेने का दबाव बनाया जाता है।

भारत तिब्बत सहयोग मंच के जिला अध्यक्ष सुखजीत सिंह अटवाल ने बताया कि 25 दिसंबर को वीर बाल दिवस घोषित किया गया है, जो देश के लिए गौरव और बलिदान का प्रतीक है। इसके बावजूद कुछ स्कूलों में बच्चों को जबरन क्रिसमस कार्यक्रमों में शामिल किया जाता है, जो अनुचित है। इसी को लेकर जिला प्रशासन से मांग की गई थी कि ऐसे मामलों पर रोक लगाई जाए और स्कूलों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए जाएं।

ज्ञापन मिलने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) की ओर से यह आदेश जारी किया गया, जिसमें साफ तौर पर कहा गया है कि किसी भी छात्र पर क्रिसमस मनाने को लेकर कोई दबाव नहीं डाला जाएगा। आदेश के अनुसार, यदि कोई स्कूल छात्र या अभिभावक की इच्छा के विरुद्ध इस तरह की गतिविधियां करवाता है, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी।

इस पूरे मामले पर अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी अशोक वधवा ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि जारी नोटिस में क्रिसमस मनाने पर कोई प्रतिबंध नहीं लगाया गया है। उन्होंने बताया कि 25 दिसंबर को क्रिसमस के साथ-साथ वीर बाल दिवस भी है और शैक्षणिक संस्थान अपने स्तर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करते हैं। आदेश का उद्देश्य केवल यह सुनिश्चित करना है कि छात्रों पर किसी प्रकार का अनावश्यक दबाव न बनाया जाए।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि छात्र और उनके अभिभावक स्वेच्छा से क्रिसमस मनाने या सांता क्लॉज बनने की अनुमति देते हैं, तो ऐसे आयोजनों पर कोई रोक नहीं है। कार्रवाई केवल उन्हीं मामलों में की जाएगी, जहां जबरदस्ती या दबाव की शिकायत सामने आएगी।

गौरतलब है कि 25 दिसंबर से शीतकालीन अवकाश की भी शुरुआत हो जाती है और इस दिन सभी सरकारी और निजी स्कूलों में छुट्टियां रहती हैं। हालांकि, कई स्कूल अवकाश से एक दिन पहले ही क्रिसमस कार्यक्रम आयोजित करते हैं। इसी स्थिति को ध्यान में रखते हुए भारत तिब्बत सहयोग मंच ने ज्ञापन दिया था, जिसके बाद शिक्षा विभाग ने यह एहतियाती आदेश जारी किया है। आदेश के बाद अब स्कूलों में क्रिसमस आयोजन को लेकर सतर्कता बढ़ गई है और अभिभावकों की सहमति को अनिवार्य कर दिया गया है।

Sachin Sharma

लेखक के बारे में

Sachin Sharma

सचिन शर्मा | वरिष्ठ पत्रकार (राजस्थान)
सचिन शर्मा राजस्थान के एक अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 6 वर्षों से अधिक का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त है। वर्तमान में वह भारत के अग्रणी समाचार संस्थान ‘लाइव हिन्दुस्तान’ (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में राजस्थान सेक्शन का नेतृत्व कर रहे हैं। ग्राउंड रिपोर्टिंग से लेकर डिजिटल जर्नलिज्म तक, सचिन ने समाचारों की सटीकता, निष्पक्षता और विश्वसनीयता को हमेशा प्राथमिकता दी है।

सचिन शर्मा का पत्रकारिता करियर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से शुरू हुआ, जहां उन्होंने जी राजस्थान में लगभग 3 वर्षों तक मेडिकल और एजुकेशन बीट पर रिपोर्टर के रूप में काम किया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य व्यवस्था, शिक्षा नीतियों और जनहित से जुड़े मुद्दों पर गहन और तथ्यपरक रिपोर्टिंग की। इसके बाद प्रिंट और डिजिटल मीडिया में सक्रिय रहते हुए उन्होंने राजनीति, प्रशासन, सामाजिक सरोकार और जन आंदोलन जैसे विषयों पर भी व्यापक कवरेज किया।

शैक्षणिक रूप से, सचिन शर्मा ने राजस्थान विश्वविद्यालय से बी.कॉम किया है, जिससे उन्हें फाइनेंस और आर्थिक मामलों की मजबूत समझ मिली। इसके बाद उन्होंने मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन कर पत्रकारिता की सैद्धांतिक और व्यावहारिक दक्षता हासिल की। सचिन शर्मा तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग, स्रोतों की विश्वसनीयता और पाठकों के विश्वास को पत्रकारिता की सबसे बड़ी पूंजी मानते हैं।

और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।