जालंधर में दिल्ली जैसा हादसा; 20 फीट गहरे गड्ढे में गिरने से बाइक सवार की मौत
पंजाब के जालंधर में दिल्ली जैसा हादसा हुआ है। जालंधर के गांव कंगनीवाल में पुल बनाने के लिए खोदे गए 20 फीट गहरे गड्ढे में गिरने से बाइक सवार की मौत हो गई। गड्ढे के आसपास बैरिकेडिंग या चेतावनी संकेत नहीं लगाए गए थे। अंधेरा होने के कारण युवक को गड्ढा दिखाई नहीं दिया और वह सीधे उसमें जा गिरा।

पंजाब के जालंधर में दिल्ली जैसा हादसा हुआ है। जालंधर के गांव कंगनीवाल में पुल बनाने के लिए खोदे गए 20 फीट गहरे गड्ढे में गिरने से बाइक सवार की मौत हो गई। गड्ढे के आसपास बैरिकेडिंग या चेतावनी संकेत नहीं लगाए गए थे। अंधेरा होने के कारण युवक को गड्ढा दिखाई नहीं दिया और वह सीधे उसमें जा गिरा। अभी तक मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
आवाज सुनकर भी मदद को नहीं आए मजदूर
ये गड्ढा पुल बनाने वाली कंपनी ने पिल्लर के खोद रखा था। रात साढ़े 11 बजे एक बाइक सवार इसमें गिर गया था। पास ही मजदूर सो रहे थे लेकिन कोई मदद के लिए नहीं आया। बाइक सवार कई घंटे तक तड़पता रहा और गड्ढे के अंदर ही दम तोड़ दिया। डेडबॉडी और बाइक सुबह दुकानदारों ने देखी तो पुलिस को घटना की जानकारी दी। सरिया लगने से युवक की आंख तक निकल गई थी। उसके मोबाइल और पर्स भी गायब मिले। पुलिस ने जब मजदूरों से बात कि तो उन्होंने पुलिस को बताया कि रात को बाइक सवार गिर गया था। हमें अवाजा आई लेकिन हमने सोचा कि निकल गया होगा।
पुल बनाने वाली कंपनी की लापरवाही से गई जान
हादसे वाली जगह पर एक पुल का निर्माण कार्य चल रहा था। यहां पर रात को लाइट का इंतजाम नहीं है। सुरक्षा के नाम पर मिट्टी के ढेर लगाकार बेरिकेडिंग की खानापूर्ति की गई है। स्थानीय लोगों ने बताया कि लाइट तो दूर की बात यहां आगे गड्ढा है, इसकी जानकारी देने के लिए कोई साइन बोर्ड तक नहीं लगाया गया है। लोगों ने कहा कि किसी ने तड़पते हुए युवक की मदद करने के बजाय उसका कीमती सामान चोरी कर लिया। यदि समय रहते एम्बुलेंस को फोन कर दिया जाता, तो शायद उस युवक की जान बचाई जा सकती थी। पुलिस ने शव को गड्ढे से निकालकर सिविल अस्पताल पहुंचा दिया है। अभी तक युवक की पहचान नहीं हुई है। पहचान के लिए आसपास के थानों में सूचना दे दी गई है।
रिपोर्ट: मोनी देवी
लेखक के बारे में
Devendra Kasyapदेवेन्द्र कश्यप पिछले 13 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अगस्त 2025 से वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर के पद पर कार्यरत हैं। संस्थान की होम टीम का वह एक अहम हिस्सा हैं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर उनकी पैनी नजर रहती है। वायरल कंटेंट के साथ-साथ लीक से हटकर और प्रभावशाली खबरों में उनकी विशेष रुचि है।
देवेन्द्र ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2013 में महुआ न्यूज से की। करियर के शुरुआती दौर में उन्होंने बिहार की राजधानी पटना में रिपोर्टिंग की। इस दौरान राजनीति के साथ-साथ क्राइम और शिक्षा बीट पर भी काम किया। इसके बाद उन्होंने जी न्यूज (बिहार-झारखंड) में अपनी सेवाएं दीं। वर्ष 2015 में ईनाडु इंडिया के साथ डिजिटल मीडिया में कदम रखा। इसके बाद राजस्थान पत्रिका, ईटीवी भारत और नवभारत टाइम्स ऑनलाइन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में कार्य किया।
मूल रूप से बिहार के भोजपुरी बेल्ट रोहतास जिले के रहने वाले देवेन्द्र कश्यप ने अपनी प्रारंभिक और उच्च शिक्षा पटना से प्राप्त की। उन्होंने पटना विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में स्नातक की डिग्री हासिल की और MCU भोपाल से पत्रकारिता में डिप्लोमा किया। वर्तमान में वह उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में प्रवास कर रहे हैं।
और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।



