1/7फल खाना हेल्दी ऑप्शन है। फल ना केवल शरीर को जरूरी न्यूट्रिशन देते है बल्कि वेट लॉस में भी मदद करते हैं क्योंकि फलों में कैलोरी की मात्रा सबसे कम होती है। ये फल कई सारी बीमारियों को दूर करने में भी मदद करते हैं। कब्ज दूर करने के लिए तो कई सारे फलों को खाने की सलाह मिली होगी। लेकिन केवल कब्ज ही नहीं बल्कि शरीर की 6 समस्याओं में अलग-अलग फलों को खाने से फायदा होता है। न्यूट्रिशनिस्ट खुशी ने ऐसे 6 फलों को अलग-अलग बीमारियों में खाने की सलाह दी है।

चीकू की मिठास काफी सारे लोगों को पसंद आती है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसमे टैनिन्स की मात्रा हाई होती है और ये नेचुरल एंटी इंफ्लामेटरी का काम करता है। जो स्टमक लाइनिंग की इंफ्लेमेशन को दूर करता है। एसिड को कम करता है और डाइजेशन के प्रोसेस को बढ़ाता है। इसलिए चीकू को एसिडिटी और डाइजेशन बढ़ाने के लिए खाना फायेदमंद होता है।

संतरा इम्यूनिटी बढ़ाने और स्किन को जवां रखने में मदद करता है। विटामिन सी से भरपूर होने की वजह से ये कोलेजन का प्रोडक्शन बढ़ाता है। वहीं ब्लड में व्हाइट ब्लड सेल्स को बूस्ट करता है। जिससे इम्यूनिटी बढ़ती है।

रामफल या पर्सिमन में सॉल्यूएबल फाइबर होता है यानी कि पेक्टिन, जो स्टूल को बल्क में इकट्ठा करके कब्ज दूर करने में मदद करता है। रामफल पेट में नेचुरल लेक्सेटिव का काम करता है। तो अगर कब्ज की समस्या रहती है तो रामफल खाएं।

सीताफल या कस्टर्ड एप्पल के बारे में जरूर सुना होगा। ये फल मैग्नीशियम, पोटैशियम से भरपूर होता है। जो गट हेल्थ को इंप्रूव करता है। तो अगर आपके गट में इश्यू है तो सीताफल को खाना शुरू कर दें।

आंवला इम्यूनिटी बढ़ाने और विटामिन सी रिच होने की वजह से बालों और स्किन के लिए फायदेमंद होता है। साथ ही ब्लड को प्यूरीफाई करने, लिवर फंक्शन को स्मूद बनाने और ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को कम करने का काम करता है। तो अगर आपको अपनी ओवरऑल हेल्थ को इंप्रूव करना है तो रोज एक आंवला खाएं।

अगर किसी इंसान को ब्लोटिंग रहती है और एनर्जी में कमी रहती है तो उसे केला खाना चाहिए। हाई पोटैशियम होने की वजह से ये शरीर से एक्स्ट्रा सोडियम को बाहर निकाल देता है। जो शरीर में वाटर रिटेंशन और ब्लोटिंग के लिए जिम्मेदार होता है।
