
आज के डिजिटल दौर में आधार कार्ड हमारी पहचान का सबसे जरूरी दस्तावेज बन चुका है। लेकिन कई लोगों के सामने अब एक अजीब और गंभीर समस्या सामने आ रही है, दो आधार कार्ड में एक ही फोटो। कई मामलों में ऐसा देखा गया है कि किसी व्यक्ति के नाम पर गलती से दो आधार कार्ड बन गए, या फिर एक ही फोटो का इस्तेमाल अलग-अलग आधार नंबर में हो गया।

2/7कभी यह गलती आधार अपडेट के समय होती है, तो कभी गलत बायोमेट्रिक या डेटा एंट्री के कारण। शुरुआत में यह मामूली गलती लगती है, लेकिन आगे चलकर यही समस्या KYC फेल, बैंक अकाउंट फ्रीज, सब्सिडी रुकने और यहां तक कि कानूनी परेशानी का कारण बन सकती है। UIDAI ने साफ किया है कि एक व्यक्ति के पास केवल एक ही आधार कार्ड वैध होता है। ऐसे में अगर किसी के नाम पर दो आधार कार्ड पाए जाते हैं या फोटो मैच होती है, तो यह नियमों का उल्लंघन माना जाता है।

3/7जब किसी व्यक्ति की एक जैसी फोटो दो अलग-अलग आधार नंबरों में दिखाई देती है, तो इसका मतलब है कि सिस्टम में डुप्लीकेट एंट्री हो गई है। UIDAI के नियमों के अनुसार, यह स्थिति अमान्य और गलत मानी जाती है।

4/7दो आधार कार्ड या एक जैसी फोटो होने पर आपको कई दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है: बैंक में KYC रिजेक्ट हो सकता है, मोबाइल सिम ब्लॉक हो सकती है, सरकारी योजनाओं की सब्सिडी रुक सकती है, पेंशन, राशन, LPG सब्सिडी प्रभावित हो सकती है, आधार डीएक्टिवेट भी हो सकता है, भविष्य में कानूनी नोटिस आने का खतरा।

5/7आप नीचे दिए गए तरीकों से जांच सकते हैं: UIDAI की वेबसाइट पर जाकर Aadhaar Verification करें, बैंक या मोबाइल कंपनी से KYC स्टेटस चेक करें, अगर बार-बार आधार वेरिफिकेशन फेल हो रहा है, तो अलर्ट हो जाएं, नजदीकी आधार सेवा केंद्र जाकर जानकारी लें।

6/7UIDAI के मुताबिक आपको तुरंत सुधार कराना चाहिए: Step-by-Step समाधान: नजदीकी Aadhaar Seva Kendra जाएं, अपनी पूरी स्थिति वहां बताएं, जरूरी दस्तावेज दिखाएं, डुप्लीकेट आधार को रद्द (Cancel) करवाएं, सही आधार को ही एक्टिव रखें, UIDAI डुप्लीकेट आधार को बंद कर देता है और वैध आधार को चालू रखता है।

7/7अगर आधार में फोटो साफ नहीं है या पुरानी है, तो आप: ₹100 शुल्क देकर फोटो अपडेट करवा सकते हैं, आधार केंद्र पर नई फोटो खिंचवाई जाती है, अपडेट 7–10 दिनों में पूरा हो जाता है।
