
बॉलीवुड की मॉर्डन एक्शन फिल्मों में क्या असली है और क्या नकली, कह पाना मुश्किल है। क्योंकि मेकर्स किसी भी मुश्किल सीन को करने के लिए झट से VFX का सहारा लेते हैं। यही वजह है कि आज की तारीख में फिल्म में अगर कोई खतरनाक एक्शन सीन आता है, तो हमारे जेहन में पहला ख्याल यही आता है कि इसे VFX की मदद से तैयार किया गया होगा। ऐसे में आज जानते हैं कुछ ऐसी हिंदी फिल्मों के बारे में, जो पूरी तरह VFX फ्री हैं, यानि इनके सभी सीन्स बिना VFX की मदद के तैयार किए गए थे।

2/8साल 2023 में आई फिल्म 'किल' की पूरी शूटिंग ही एक ट्रेन सेट में हुई थी। फिल्म में कई खतरनाक एक्शन सीक्वेंस हैं, लेकिन कम लोगों को पता है कि इस फिल्म में VFX का इस्तेमाल शायद ही कहीं किया गया है। ज्यादातर सीक्वेंस ऑरिजनल हैं। (IMDb: 7.3)

3/8गैंग्स ऑफ वासेपुर के पहले पार्ट की IMDb पर रेटिंग 8.2 रही थी। अनुराग कश्यप फिल्म को ज्यादा से ज्यादा रियल दिखाना चाहते थे। यही वजह थी कि उन्होंने इसे जमीन के बेहद करीब रखते हुए शूट किया था। फिल्म में कोई भी सीन कंप्यूटर की मदद से तैयार नहीं किया गया है।

4/8भगत सिंह और उनके दोस्तों के देश के प्रति बलिदान को इस फिल्म में बहुत भावुक और आंदोलित ढंग से दिखाया गया है। बिना किसी VFX के मेकर्स ने इस फिल्म में वो जोश फूंक दिया जिसकी वजह से इसकी IMDb पर रेटिंग 8.1 है।

5/8जेपी दत्ता के निर्देशन में बनी इस फिल्म में मेकर्स चाहते थे कि सब कुछ असली जैसा लगे। यही वजह थी कि कंप्यूटर ग्राफिक्स की बजाए जेपी दत्ता ने पूरा जोर सीन्स को असल तरीके से शूट करने पर जोर दिया था। इस फिल्म की IMDb पर रेटिंग 8 है।

6/8IMDb पर 7.6 रेटिंग वाली इस ऋतिक रोशन स्टारर फिल्म के लिए एक्टर्स ने सचमुच पहाड़ पर चढ़ाई की थी, और एक सीन तो ऐसा था जिसे फरहान अख्तर ने पूरा फिल्माने के बाद दोबारा शूट किया था।

7/8विलियम शेक्सपियर के 'मैकबेथ' पर बेस्ड इस मूवी में मुंबई के अंडरवर्ल्ड की कहानी को दिखाया गया है। इस फिल्म को बहुत ही रियलिस्टिक एक्शन के साथ दिखाया गया है। इसमें कोई ऐसा सीन नहीं है जिसे आप कंप्यूटर जेनरेटेड कह सकें।

8/8साल 1970 के अंडरवर्ल्ड पर बनी यह फिल्म गनफाइट्स और रॉ एक्शन के लिए जानी जाती है। फिल्म के ज्यादातर सीक्वेंस रियल हैं और इसे देखते वक्त आप यह शिकायत नहीं कर पाएंगे कि मेकर्स ने कंप्यूटर की मदद ली है।
