Hindi Newsफोटोपंचांग-पुराणVastu Tips: घर में सुख-समृद्धि बढ़ाते हैं वास्तु के ये 7 प्रभावशाली चिन्ह, जानिए इनसे जुड़े हर नियम

Vastu Tips: घर में सुख-समृद्धि बढ़ाते हैं वास्तु के ये 7 प्रभावशाली चिन्ह, जानिए इनसे जुड़े हर नियम

वास्तु शास्त्र में कुछ विशेष चिन्ह घर की ऊर्जा को सकारात्मक बनाते हैं। स्वास्तिक, ॐ, कमल आदि चिन्हों को सही दिशा में लगाने से गृह-क्लेश दूर होते हैं, धन-धान्य बढ़ता है। आइए, इन 7 प्रभावशाली चिन्हों के नियम जानें।

Navaneet RathaurOct 18, 2025 11:49 pm IST
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स्वास्तिक चिन्ह

स्वास्तिक घर का मुख्य द्वार पर दाहिनी ओर लगाएं। लाल या पीले रंग का स्वास्तिक शुभ है। यह मंगल दोष दूर करता है और परिवार में एकता लाता है। कभी उल्टा ना लगाएं, इससे नकारात्मक ऊर्जा आकर्षित होती है। नियम: सुबह चंदन से बनाएं।

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ॐ चिन्ह

ॐ को उत्तर-पूर्व दिशा (ईशान कोण) की दीवार पर लगाएं। सोने या चांदी का ॐ सबसे शुभ। यह मानसिक शांति देता है और लक्ष्मी कृपा बरसाता है। नियम: पूजा स्थल के पास रखें, कभी फर्श पर ना गिरने दें। जप के साथ लगाएं।

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कमल का फूल 

कमल का चिन्ह दक्षिण-पूर्व (लक्ष्मी कोण) में लगाएं। गुलाबी या सफेद कमल समृद्धि लाता है। यह आर्थिक बाधाएं दूर करता है। नियम: तिजोरी के पास रखें, हर शुक्रवार फूल चढ़ाएं। कृत्रिम कमल भी शुभ, लेकिन साफ रखें।

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त्रिशूल: बाधाओं का नाशक

त्रिशूल को दक्षिण दिशा की दीवार पर लगाएं। कांस्य या तांबे का त्रिशूल शनि दोष कम करता है। यह गृह-क्लेश और स्वास्थ्य समस्याएं दूर करता है। नियम: शिव मंत्र जपकर लगाएं, कभी खिड़की पर ना रखें। ऊंचाई पर स्थापित करें।

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गणेश जी

गणेश चिन्ह उत्तर दिशा में लगाएं। लाल पत्थर का गणेश बुद्धि वृद्धि करता है। यह करियर और पढ़ाई में सफलता दिलाता है। नियम: मुख्य द्वार के ऊपर रखें, दूध चढ़ाएं। कभी पीठ दिखाकर ना लगाएं।

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शंख: सकारात्मक ऊर्जा का स्रोत

दक्षिणावर्ती शंख को पूर्व दिशा में रखें। सफेद शंख धन आकर्षित करता है। यह नकारात्मकता दूर करता है। नियम: पूर्णिमा पर गंगाजल से शुद्ध करें, कभी खाली ना रखें। पूजा के बाद घर में फूंकें।

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इन चिन्हों से बनाएं घर स्वर्ग

इन 7 चिन्हों को सही दिशा में लगाने से सुख-समृद्धि दोगुनी हो जाती है। नियम: चिन्ह साफ रखें, ज्योतिषी से सलाह लें। गलत दिशा से वास्तु दोष बढ़ता है। डिस्क्लेमर: यह खबर विभिन्न माध्यमों, धर्म ग्रंथों और विशेषज्ञों के सलाह पर आधारित है। किसी भी तरह की विशेष जानकारी के लिए धर्म विशेषज्ञ से उचित सलाह लें।