1/7मुख्य द्वार पर लाल या पीले रंग का स्वास्तिक बनवाएं या चिपकाएं। स्वास्तिक सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। इससे घर में आने वाली नकारात्मक शक्तियां रुक जाती हैं और केवल शुभ ऊर्जा अंदर आती है। रोज सुबह द्वार पर गंगाजल छिड़कें। यह सबसे सरल उपाय है, जो घर की रक्षा करता है और सुख-शांति लाता है।

उत्तर दिशा कुबेर की है। इस दिशा में एक कांच या तांबे का कटोरा रखें और उसमें समुद्री नमक भरें। हर हफ्ते नमक बदलें। इससे धन का प्रवाह बना रहता है, अनावश्यक खर्च रुकते हैं और घर में बरकत बढ़ती है। यह उपाय धन संकट दूर करने में बहुत प्रभावी है।

पूजा घर या घर के किसी कोने में नीला बल्ब रात भर जलाएं। नीला रंग नकारात्मक ऊर्जा को सोख लेता है। इससे घर में शांति बढ़ती है, नींद अच्छी आती है और मानसिक तनाव कम होता है। यह उपाय घर की पूरी ऊर्जा को शुद्ध करता है और वास्तु दोष को कम करता है।

झाड़ू को कभी खड़ा करके या उत्तर-पूर्व में ना रखें। हमेशा दक्षिण-पश्चिम कोने में लेटाकर और कपड़े से ढककर रखें। रात में झाड़ू दिखाई ना दे। इससे लक्ष्मी जी रुष्ट नहीं होती हैं और घर से नकारात्मक ऊर्जा निकलती है। यह बहुत छोटा, लेकिन सबसे प्रभावी उपाय है।

घर में कहीं भी पानी टपक रहा हो, तो तुरंत ठीक करवाएं। टपकता नल धन के बहने का प्रतीक है। नल बंद करते समय 'ॐ श्रीं नमः' 3 बार बोलें। इससे लक्ष्मी जी घर में रुकती हैं और बेकार के खर्च कम हो जाते हैं। यह उपाय धन संकट दूर करने में बहुत तेजी से काम करता है।

रोज सुबह गंगाजल से घर के हर कोने में छिड़काव करें। विशेषकर मुख्य द्वार, पूजा घर और बेडरूम में। 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' बोलते हुए छिड़कें। इससे घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और वास्तु दोष अपने आप कम हो जाते हैं। यह सबसे सरल और शक्तिशाली उपाय है।

इन 6 उपायों को आज से ही अपनाएं, तो घर की सारी नकारात्मक ऊर्जा निकल जाएगी। वास्तु दोष दूर हो जाएंगे और जीवन में सुख-शांति, धन और तरक्की आएगी। डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों के पूर्णतया सत्य एवं सटीक होने का हम दावा नहीं करते हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।
