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एक आईपी एड्रेस पर बन गए तीन हजार रेल टिकट

केस-1 राजाजीपुरम स्थित आरके ट्रैवल एजेंसी जो आईआरसीटीसी से रजिस्टर्ड है। एजेंसी ने एक आईपी एड्रेस से अवैध तरीके से दो हजार से अधिक ईमेल आईडी बनाकर 48150 रुपए के तत्काल टिकट बुक कराएं।
केस-2

कानपुर रोड स्थित राज टूर ट्रैवल यह भी आईआरसीटीसी की रजिस्टर्ड एजेंसी है। इस एजेंसी ने भी 1500 से अधिक व्यक्तिगत ईमेल आईडी बनाकर एक ही आईपी एड्रेस से 10 हजार से अधिक रुपए के टिकट बुक कराए और उनको मुंह मांगे दामों पर बेचा।

रेल टिकट दलालों ने तत्काल टिकट के धंधे में एक नया तरीका ईजाद कर लिया है। आईआरसीटीसी से रजिस्टर्ड दर्जनों ट्रैवल एजेंसियां पर्सनल ईमेल आईडी से तत्काल टिकट बुक करा कर सर्विस टैक्स की चोरी कर ही रही है। साथ ही तत्काल टिकटों को मुंह मांगे दामों पर बेच रही है। जांच में आईआरसीटीसी के अधिकारियों ने पाया कि लखनऊ में बहुत सी ट्रैवल एजेंसी एक आईपी एड्रेस पर तीन तीन हजार टिकट बुक करा रही है। इसके बाद छापा मार कर चार एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की गई और 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया।

ऐसे चल रहा है रैकेट

रेल टिकट बुक करने के लिए ट्रैवल एजेंसियां आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर अपना रजिस्ट्रेशन कराती हैं। इसके बाद इनको आईआरसीटीसी की ओर से एक लॉगइन आईडी दे दिया जाता है। जिसके जरिए यह लोग यात्रियों के टिकट बुक कर सकते हैं।

आईआरसीटीसी इन ट्रैवल एजेंसियों से सर्विस टैक्स लेती है और एजेंसी को कमीशन के रुप में कुछ चार्ज दिया जाता है। यह एजेंसिया आईआरसीटीसी की ओर से दी गई लागइन आईडी से तत्काल टिकट बुक नहीं करा सकती है।

मगर इन एजेंसियों ने मोटी कमाई के लिए आईआरसीटीसी के लागइन पासवर्ड के बजाए अपनी व्यक्तिगत आईडी से तत्काल टिकट बुक कराना शुरू कर दिए।

सुबह 10 से 11 के बीच बनाते है सबसे अधिक टिकट

आरपीएफ के अधिकारी बताते हैं कि यह एजेंसियां पहले से ही ईमेल आईडी बना कर रख लेते है। सुबह दस बजे तत्काल शुरू होने के साथ ही यह लोग व्यक्तिगत आईडी से तत्काल  टिकट बुक करना शुरू कर देते हैं। एक घंटे में यह लोग सौ के करीब टिकट बना लेती है। आरपीएफ के छापे में ट्रैवल एजेंसी के यहां से जो हार्ड डिस्क बरामद हुई है।

उसमें एक कम्प्यूटर से दो से तीन हजार टिकट बुक कराए गए हैं। यह लोग तत्काल टिकट के दाम से पांच गुना अधिक दाम यात्रियों से वसूलते है। साथ ही आईआरसीटीसी को भी लाखों रुपए सर्विस टैक्स का चूना लगा रहे हैं।
आईआरसीटीसी रखेगा निगाह
आईआरसीटीसी के मुख्य क्षेत्रीय प्रबंधक अश्विनी श्रीवास्तव ने बताया कि कई ऐसी एजेंसियों को चिन्हित किया गया था जो एक ही आईपी एड्रेस पर व्यक्तिगत आईडी से टिकट बुक कर रहे थे। आरपीएफ के जरिए उनके खिलाफ कार्रवाई की गई है। ऐसी ट्रैवेल एजेंसियों पर निगाह रखी जा रही है जो इस तरह का रैकेट चला रही है। उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
 

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