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मदर डेयरी का दावा, हमारा दूध पूरी तरह शुद्ध और सुरक्षित

मदर डेयरी का दावा, हमारा दूध पूरी तरह शुद्ध और सुरक्षित

राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और देश के कई अन्य राज्यों में दूध की आपूर्ति करने वाली मदर डेयरी ने दावा किया है कि उसका दूध पूरी तरह शुद्ध और सुरक्षित है। उत्तर प्रदेश के आगरा स्थित बाह मदर डेयरी के दूध संग्रह केन्द्र के नमूने में डिटर्जेन्ट पाये जाने के बाद मदर डेयरी के प्रबंध निदेशक एस नागराजन ने आज संवाददाता सम्मेलन में दावा किया कि उपभोक्ताओं तक दूध पहुंचाने से पहले इसकी शुद्धता की कड़ाई से जांच की जाती है और इसके बाद ही आपूर्ति के लिए भेजा जाता है। उन्होंने कहा कि मदर डेयरी पिछले 45 साल से लोगों को दूध की आपूर्ति कर रही है और हम उपभोक्ताओं को यह विश्वास दिलाते हैं कि उनका भरोसा कभी टूटने नहीं दिया जायेगा।

उत्तर प्रदेश के खाद्य एवं दवा प्रशासन विभाग (एफडीए) ने मदर डेयरी के बाह दूध संग्रह केन्द्र से पिछले साल नवंबर में परीक्षण के लिए नमूने उठाये थे। एफडीए ने कल कहा कि उसे परीक्षण में मदर डेयरी के दूध के नमूने में डिटर्जेन्ट मिला है। नागराजन ने कहा कि पहली रिपोर्ट में कुछ गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद दोबारा जांच के लिए नमूनों को कोलकाता भेजा गया था। अभी इसकी रिपोर्ट नहीं मिली है हम इसका इंतजार कर रहे हैं और रिपोर्ट मिलने के बाद आगे कार्रवाई की जायेगी।

उन्होंने कहा कि जांच के लिए दूध के जो नमूने उठाये गये थे, वह गांव स्तर पर संग्रहित किये जाने वाले खुले दूध के थे और प्रसंस्करण के लिए हमारे संयंत्र ने इसे स्वीकार नही किया था। उन्होंने कहा कि दूध के जो नमूने लिए गये थे, वे शीत केन्द्र तक भी नही पहुंचे थे, जहां प्रथम चरण का परीक्षण कर उसकी गुणवत्ता का पता लगाकर आगे प्रसंस्करण के लिए भेजा जाता है।

नागराजन ने कहा कि दूध संग्रह केन्द्र के बाद इसे जांच के लिए शीतग्रह केन्द्र पर ले जाया जाता है। शीतग्रह केन्द्र पर दूध में किसी प्रकार की मिलावट, वसा प्रतिशत और ठोस लेकिन वसा नहीं (एसएनएफ) प्रतिशत की जांच की जाती है और दूध यदि इस परीक्षण में मानकों पर खरा नही उतरता है, तो उसे नहीं लिया जाता। इसके बाद दूध को मदर डेयरी की फैक्टरियों में भेजा जाता है, जहां इसकी फिर जांच की जाती है और इसके बाद ही प्रसंस्करण के लिए आगे भेजा जाता है।

उन्होंने कहा कि मदर डेयरी औचक परीक्षण प्रक्रिया के बजाय लगातार जांच करती है और जांच में पूरी तरह संतुष्ट हो जाने के बाद शुद्ध और सुरक्षित गुणवत्ता वाला दूध उपभोक्ताओं को मुहैया कराती है। उन्होंने कहा कि खुदरा केन्द्रों से भी रोजाना करीब 100 स्थानों से मदर डेयरी के दूध के नमूने उठाकर इनका परीक्षण किया जाता है, ताकि उपभोक्ताओं तक जो दूध पहुंचे वे इस्तेमाल करने के लिए पूरी तरह सुरक्षित हो।

उपभोक्ताओं तक दूध पहुंचाने से पहले मदर डेयरी चार स्तरों पर इनका परीक्षण करती है और संयंत्र तक दूध पहुंचने से पहले एक-एक टैंकर को 23 कठोर गुणवत्ता वाले परीक्षणों से गुजरना पड़ता है। नागराजन ने कहा कि मदर डेयरी पिछले 45 साल से दूध मुहैया करा रही है। वर्तमान में मदर डेयरी आन्ध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, पंजाब, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश और राजस्थान आदि से दूध का संग्रहण करती है और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, हैदराबाद और मुंबई में रोजाना 45 लाख लीटर दूध की उपभोक्ताओं को आपूर्ति करती है।

 

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  • Web Title:Detergent found in Mother Dairy milk samples, company denies charge