अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

भड़के भाजपा के कई विधायक

भितरघात के आरोपों से भाजपा के कई नेता भड़क गए हैं। इस मामले में उन्होंने सीधे प्रदेश नेतृत्व पर हमला बोल दिया है। ढाका विधायक अवनीश कुमार सिंह ने कहा है कि प्रदेश अध्यक्ष राधामोहन सिंह इशारों में उन पर भीतरघात करने का आरोप लगाकर एक तरह से पार्टी को तोड़ रहे हैं। यदि श्री सिंह साबित कर दें कि मोतिहारी चुनाव के दौरान वह इस पूर लोकसभा क्षेत्र में कहीं दिखे भी थे वह राजनीति से संन्यास ले लेंगे। वह तो खराब स्वास्थ्य की वजह से पटना में थे। राधामोहन सिंह दरअसल उनके प्रति मैनिया के शिकार हैं। यही वजह है कि वह इस तरह की ओछी बातों को शह दे रहे हैं। कुछ नेताओं द्वारा नवादा लोकसभा चुनाव में अपनी भूमिका पर शक करने पर हिसुआ विधायक अनिल सिंह ने भी हमलावर तेवर अख्तियार कर लिए हैं।ड्ढr ड्ढr उन्होंने कहा है कि भोला सिंह के प्रचार में वह उनके नगर विकास मंत्री या बहुत बड़े नेता होने की वजह से नहीं बल्कि भाजपा का उम्मीदवार और शीर्ष नेता लालकृष्ण आडवाणी को प्रधानमंत्री बनाने के मकसद से लगे थे। नए परिसीमन और सामान्य सीट हो जाने से नवादा में इस बार परिस्थितियां बदली हुई थीं। श्री सिंह के बाहरी उम्मीदवार होने के बावजूद वह अपने समर्थकों के साथ उनके पक्ष में लगे थे मगर उन्होंने ही भरी सभा में उनके खिलाफ चुभने वाली बात कहकर कार्यकर्ताओं को नाराज कर दिया। भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष और विधायक रामेश्वर प्रसाद चौरसिया ने कहा है कि चुनाव बाद और ऐन रिजल्ट से पहले वह पार्टी के कुछ नेताओं की अमर्यादित बयानबाजी से दुखी हैं। भीषण गर्मी में भी जो कार्यकर्ता और विधायक पार्टी उम्मीदवारों को जिताने के लिए पूरी प्राणपण से लगे रहे, उनको दोषी ठहराना एक तरह से विपक्ष की भाषा बोलने जैसा है। इसी तरह भागलपुर के चुनाव को लेकर कुछ लोग पीएचईडी मंत्री अश्विनी चौबे पर भी अंगुली उठा रहे हैं। उन लोगों को वह कहना चाहेंगे कि चौबेजी जिस स्वभाव और कद के बिहार भाजपा के नेता हैं उन पर इस तरह का आरोप लगाना ठीक नहीं है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: भड़के भाजपा के कई विधायक