class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

व्रत-त्योहार (31 दिसंबर, 2009)

स्नान-दान व्रतादि की पौषी पूर्णिमा। शाकम्भरी पूर्णिमा। नव वर्षारम्भ की पूर्व संध्या। खंडग्रास चंद्र ग्रहण (भारत में दृश्य)। सूर्य उत्तरायण। सूर्य दक्षिण गोल। हेमंत ऋतु। मध्याह्न् 1.30 बजे से सायं 3 बजे तक राहुकालम्।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:व्रत-त्योहार (31 दिसंबर, 2009)