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बीस बार वैक्सीन पी, फिर भी पोलियो ने जकड़ा

जिले में पी-1 वायरस का नया पोलियो केस सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हडकंप मचा है। बताया गया है जिस बच्चों में इसकी पुष्टि हुई है उसकी उम्र साढे सात साल है। उसने पांच साल की उम्र तक बीस बार पोलियो राउंड में वैक्सीन पी है। इस मामले में डब्ल्यूएचओ के अधिकारी कुछ भी कहने से कतरा रहे हैं।

पोलियो उन्मूलन अभियान के बावजूद गाजियाबाद में पोलियो का कहर जारी है। इस साल पी-3 वायरस केसों के मामले में गाजियाबाद देश में नंबर वन की स्थिति पर बना हुआ है। साल के अंत में पी-1 वायरस की पुष्टि ने यहां के अभियान की कमर तोड़ दी है। जिले में पी-1 वायरस के केसों की संख्या तीन हो गई है।

सीएमओ डा.एके धवन के मुताबिक नया मामला डासना का है। यहां साढ़े सात के बच्चों में पी-1 वायरस की पुष्टि हुई है। उनका कहना है कि स्वास्थ्य विभाग सरकार की पॉलिसी के हिसाब से शून्य से पांच साल तक के बच्चों को ही पोलियो वैक्सीन की खुराक पिलाता है।

इस बच्चों को वैक्सीन पिये ढ़ाई साल हो गये हैं। यहां तक की जिस अस्पताल में बच्चा पैदा हुआ वहां उसको दवा पिलाई गईं थी। उसके बाद पांच साल तक बीस राउंड पोलियो वैक्सीन पी। ढाई साल से बच्चों को दवा नहीं पिलाई जा रही थी क्योकि उसकी उम्र पांच साल से अधिक हो चुकी थी।

पी-1 वायरस का मामला उस समय सामने आया जब कि इस साल केलव एक राउंड छोड़कर सारे राउंडों में पी-1 वायरस की दवा पिलाई गई है।   उधर इस मामले को लेकर जिले में तैनात डब्ल्यूएचओ का कोई भी अधिकारी बात करने को तैयार नहीं है।

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