अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

भत्तों पर टैक्स लगाने का विरोध करेंगे यूपी के कर्मचारी संगठन

केंद्र सरकार द्वारा वेतनभोगियों को मिलने वाले मकान किराया भत्ता, वाहन भत्ता और यात्रा भत्ता को भी टैक्स के दायरे में लाए जाने की खबर ने यूपी के कर्मचारी संगठनों को नाराज कर दिया है। कर्मचारी संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि ऐसा हुआ तो वे विरोध करेंगे।

चौदह संगठनों के कर्मचारी-शिक्षक संयुक्त मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष वी.पी.मिश्र ने कहा है कि वे इस योजना का जमकर विरोध करेंगे और सड़कों पर उतरकर इसे लागू नहीं होने देंगे। क्योंकि ऐसा करने से छोटे कर्मचारी छूट से वंचित होकर टैक्स के दायरे में आ जाएँगे। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद (अमरनाथ यादव गुट) के वरिष्ठ उपाध्यक्ष बी.एल.कुशवाहा ने कहा है कि एचआरए और वाहन भत्ते को टैक्स के दायरे में लाने की योजना कर्मचारियों की जेब काटने के समान है। इसे कर्मचारी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं कर सकते। इसका विरोध किया जाएगा।

सचिवालय संघ के पूर्व अध्यक्ष एवं राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद (एसपी.तिवारी गुट) के प्रदेश उपाध्यक्ष हरिशरण मिश्र ने कहा है कि यूपी सरकार ने एचआरए और वाहन भत्ता केंद्र सरकार के समान नहीं दिया है। एचआरए, वाहन भत्ता और यात्रा भत्ता छोटे कर्मचारियों के बचत के रास्ते हैं। यदि इन पर भी टैक्स थोप दिया जाएगा तो अधिकारी तो किसी तरह पार पा जाएँगे, लेकिन छोटे कर्मचारी छूट से वंचित हो जाएँगे। ऐसा करना केंद्र सरकार को महँगा पड़ेगा और कर्मचारी एकजुट होकर ऐसा होने नहीं देंगे। केंद्र सरकार की इस योजना का खुलकर विरोध करेंगे।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:भत्तों पर टैक्स लगाने का विरोध करेंगे कर्मचारी संगठन