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तीन घण्टे तक अस्त-व्यस्त रहा यातायात

शहीद स्मारक के सामने शिक्षकों के प्रदर्शन के चलते दोपहर करीब 12 बजे से लेकर अपराह्न् 3 बजे तक भीषण जाम लगा रहा। बलरामपुर अस्पताल व डफरिन अस्पताल जाने वाले मरीज जार-जार रोए। मगर जाम लगाए भीड़ हटने को तैयार नहीं थी।

कैसरबाग, डालीगंज व हजरतगंज की ओर जाने वाले मार्ग पूरी तरह ठप रहे। कैसरबाग बस अड्डे से बस पकड़ने वाले राहगीर भी घण्टों जाम में फंसे रहे। कई बार पुलिस ने जाम हटाने की कोशिश की लेकिन इतनी बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद थे कि उन्हें हटा पाना मुश्किल हो रहा था।

वाहनों की लंबी कतारें हजरतगंज से लेकर डालीगंज पुल तक लगी रही। घण्टों जाम में फंसे रहे लोग किसी भी तरह से बाहर निकल नहीं पा रहे थे। लोग पुलिस वालों के हाथ जोड़कर उन्हें जाम खत्म करवाने के लिए कह रहे थे मगर शिक्षकों की भारी भीड़ के कारण पुलिस भी बेबस थी।

करीब डेढ़ हजार शिक्षकों की भीड़ को देखते हुए वह कोई भी ऐसा कार्य नहीं करना चाह रहे थे जिससे भगदड़ मचे। फिलहाल करीब तीन बजे जब शिक्षक नेताओं को पंचम तल से आश्वासन मिलने की खबर यहॉं पहुंची तो जाम हटा।

आवासीय विश्वविद्यालय शिक्षक महासंघ के सचिव डॉ. पुष्पेन्द्र मिश्र ने कहा कि शिक्षक वर्ग कभी भी सड़क पर उतरने के पक्ष में नहीं रहता। लेकिन सरकार ने लगातार उनकी मांगों को नजरअंदाज करके उन्हें जाम लगाने के लिए विवश कर दिया।

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  • Web Title:तीन घण्टे तक अस्त-व्यस्त रहा यातायात