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अचूक पहरेदार होगा पावर फैंसिंग

अगर आपको फार्म हाउस, गोदाम, संस्थान व बंगला में चोरी का खतरा है या फिर खेतों में खड़ी फसल को आवारा पशु से महफूज रखने की फिक्र है। और तो और सिक्यॉरिटी गार्डो की पहरेदारी पर भी आपको भरोसा नहीं तो फिर चिंतित छोड़ दें।

स्विटरजलैंड टेक्नोलोजी आपकी इस समस्या का स्थाई समाधान करेगी। फरीदाबाद की एसएस सोलर टेक्नोलोजी ने इस टेक्नोलोजी की मदद से सोलर सिक्यॉरिटी पॉवर फैंसिंग सिस्टम तैयार किया है। जो पूरी तरह सोलर सिस्टम से संचालित होगी।

सेक्टर-12 एसआरएस मैदान में लगे उर्जा संरक्षण मेला में सौर उर्जा उपकरणों को बढ़ावा देने के लिए एसएस सोलर टेक्नोलोजी की ओर से लगाई गई स्टॉल पर इस सिस्टम को लगाने के बारे में लोगों को जागरूक किया जा रहा है।

स्टॉल में आने वाले लोग भी इस सिस्टम को लगवाने के बारे में जानकारी लेने में उत्साहित दिखाई दिए।
एसएस सोलर टेक्नोलोजी के डायरेक्टर पुलकित मेहता ने बताया कि इस सिस्टम का इस्तेमाल हैदराबाद में तेजी से बढ़ रहा है।

वहां के जीएमआर एयरपोर्ट की सुरक्षा भी इसी सिस्टम से की गई है। मेहता का कहना है कि इस सिस्टम को लगाने में 60 हजार से तीन लाख रुपये का खर्चा आता है। जो एरिया पर निर्भर करता है। 

ऐसे होती है सुरक्षा : स्विटरजलैंड की इस टेक्नोलोजी से फार्म हाउस, बंगला, गोदाम व अन्य खुले स्थानों की पॉवर फैंसिंग कराई जाती है। इसके तहत उस स्थान के चारों ओर तारों का जाल बिछाया जाता है। जिसमें सोलर सिस्टम के तहत 8 से 10 हजार वोल्ट बिजली छोड़ी जाती है।

एसएस सोलर के डायरेक्टर मेहता का कहना है कि जैसे ही कोई जानवर व बाहरी लोग उस तार को काटने व छूने का प्रयास करेंगे, उसी वक्त उसे जोरदार बिजली का झटका लगेगा। इससे वह आदमी या जानवर करीब दस मिनट तक वहीं बैठ जाता है।

इसकी खासियत यह होगी इससे उसके जीवन को कोई नुकसान नहीं होगा। उनका मानना है कि यह बिजली की बचत का नायाब तरीका है। अब लोग सुरक्षा की दृष्टि से ऐसे स्थानों की सुरक्षा करने पर काफी हाईवोल्टेज की लाइटों का इस्तेमाल करते हैं।

ऐसे में इसका इस्तेमाल करके काफी हद तक बिजली की बचत की जा सकती है। अलार्म भी बजेगा : जब भी कोई व्यक्ति या जानवर उस तार को छूएगा। उसी समय अलार्म बज जाएगा। इसके लिए एक पैनल, एक एंपलीफायर लगाया जाता है।

दो किलोमीटर की लंबाई वाले गोदाम या अन्य स्थान पर इस फैंसिंग के कराने पर करीब ढाई से तीन लाख रुपये का खर्चा आता है, जबकि कम दूरी वाले स्थान पर कम लागत आएगी।  बिजली बचत तरीके : आपका बिजली खर्च अधिक है और उसके बिल को लेकर परेशान हैं तो देरी ना करें।

तुरंत सेक्टर-12 स्थित एसआरएस मैदान में लगाए गए उर्जा संरक्षण मेले में जाएं और वहां से सौर उर्जा उपकरण खरीद लें। स्टॉल पर ऐसे कई उपकरण सजाए गए हैं, जो सोर उर्जा से संचालित हैं। खाना बनने से लेकर रेडियो तक के उपकरण सौर उर्जा संचालित हैं।

पानी गर्म करने के लिए सोलर वाटर सिस्टम की प्रदर्शनी लगाई गई हैं। जिसे लेकर लोग खूब पूछताछ कर रहे हैं। सोलर हीटर सिस्टम को लगाने पर बिजली बिल भी प्रति महीने तीन वर्ष तक छूट दी जाती है

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