DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

कोसी नदी में बहा रहे शहर का कूड़ा

नगर के कूड़ा निस्तारण के लिए प्रस्तावित ट्रंचिंग ग्राउंड योजना अधर में लटक गयी है। जिसके चलते नगर का कूड़ा कोसी नदी में डाला जा रहा है। जमीन कम होने से  ट्रंचिंग ग्राउंड योजना केवल कागजों तक ही सीमित रह गयी है। गौरतलब है कि नगरपालिका ने 1979 में ग्राम पूछड़ी निवासी पीसी मुथन्ना से 3 एकड़ जमीन खरीदी थी। जिस पर ट्रंचिंग ग्राउंड बनना प्रस्तावित था।

वर्ष 1995 में जमीन का पूरा भुगतान पालिका ने मुथन्ना को दे दिया। वर्ष 1995 में तत्कालीन पालिकाध्यक्ष ने मुथन्ना को पत्र लिखकर भुगतान की गई 18 बीघा 16 विस्वा जमीन की रजिस्ट्री पालिका ने नाम करने को कहा। लेकिन जमीन पालिका के नाम नहीं हो सकी।  1998 में तत्कालीन अधिशासी अधिकारी ने नायब तहसीलदार को पालिका द्वारा खरीदी गई जमीन पर कब्जा लेने को कहा।

लेकिन वर्ष 2000 में मुथन्ना ने पालिका को पत्र लिखकर कहा कि उनके पास केवल 3 बीघा जमीन बची है। बाकी जमीन पर कब्जा हो चुका है। 22 मार्च 02 को तत्कालीन पालिकाध्यक्ष ने बाकी बची 3 बीघा जमीन की रजिस्ट्री पालिका के नाम कर दी। पूर्व पालिकाध्यक्षों की लापरवाही के चलते जमीन पालिका के हाथ से निकल गई।  अब नगर का कूड़ा कोसी नदी के किनारे डाला जा रहा है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:कोसी नदी में बहा रहे शहर का कूड़ा