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अफसरों की नादानी से फिरोजाबाद में बवाल

अफसरों की लापरवाही ने सोमवार को फिरोजाबाद की चुनावी फिजा को अशांत कर दिया। 11 इलेक्ट्रोनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) को मतदान समाप्त होने के 48 घंटे बाद भी जमा नहीं कराया गया। इसकी सूचना जैसे ही कांग्रेस, सपा और भाजपा को लगी, हजारों लोग सड़कों पर उतर आए। बाजार बंद करा दिए। इन लोगों का आरोप था कि ईवीएम बदलकर अफसर सत्ता पक्ष को लाभ पहुंचाना चाहते हैं। भीड़ ने डीएम व एसएसपी को भी घेर लिया। जांच में ईवीएम में कुछ नहीं निकला लेकिन डीएम ने उन छह सेक्टर मजिस्ट्रेटों के खिलाफ एफआईआर कराने के आदेश दे दिए, जिनके नाम यह ईवीएम आवंटित थीं।

बवाल की शुरूआत तब हुई जब जिला सेवायोजन अधिकारी शिवललित सिंह के जिला मुख्यालय स्थित दफ्तर में ईवीएम रखी होने की जानकारी मिली। इसकी सूचना जब आला अधिकारियों को मिली तो घबराकर जिला सेवायोजन अधिकारी एक गाड़ी में मशीनें रखकर शिकोहाबाद स्थित मंडी समिति जा पहुंचे। किंतु वहां तैनात अर्ध सैन्य बल के जवानों ने उन्हें प्रवेश देने से इनकार कर दिया। फिर वे शिकोहाबाद स्थित तहसील कार्यालय पहुंचे। कुछ वकील व मीडियाकर्मी वहां पहुंचे गए। मशीनें देखकर उन्होंने पूछताछ शुरू की तो सेक्टर मजिस्ट्रेट वहां से भागने लगे।  ईवीएम बदले जाने की सूचना जंगल की आग की तरह पूरे जिले में फैल गई। देखते ही देखते हजारों की भीड़ जमा हो गई।

सूचना मिलते ही कांग्रेस प्रत्याशी राजबब्बर भी मौके पर जा पहुंचे। भीड़ और बढ़ गई। हरिओम यादव, रामवीर सिंह यादव सहित कई सपा नेता भी पहुंच गए। भीड़ ने हंगामा शुरू किया तो पूरे जिले का फोर्स बुला लिया गया। डीएम-एसपी ने पहुंचकर मामले को शांत कराने का प्रयास किया किंतु भीड़ कुछ सुनने को तैयार नहीं थी। अंतत: लाई गई मशीनें बब्बर व अन्य पार्टियों के प्रतिनिधियों के समक्ष खोली गईं। उनकी संतुष्टि के बाद ही तहसील परिसर में रखी गई अन्य रिजर्व मशीनों को भी ट्रक में भरवाकर जिला मुख्यालय भिजवा दिया गया। राजबब्बर सहित हजारों की संख्या में लोग इन मशीनों के साथ जिला मुख्यालय पहुंच गए।

विदित हो कि छह सेक्टर मजिस्ट्रेटों ने अपने पास रिजर्व में रहने वाली दो-दो मशीनों को जमा नहीं कराया था। चुनाव आयोग के नियमानुसार यह मशीनें मतदान की समाप्ति पर शनिवार की शाम ही जमा हो जानी चाहिए थीं। कुल 11 मशीनों को जमा करने में लापरवाही बरतने वाले छह सेक्टर मजिस्ट्रेटों पीडब्लूडी के जेई यदुवीर सिंह, आरईएस के जेई छविनाथ सिंह, एएमए जिला पंचायत रामबाबू मिश्र, पीडब्लू़डी के एई एके सिंह, सेवायोजन अधिकारी शिवललित सिंह, पीडब्लूडी के जेई टीके गुप्ता के खिलाफ एफआईआर के आदेश किए गए हैं। इस घटना को लेकर पूरे जिले में तनाव का माहौल है। खबर लिखे जाने तक टूंडला का बाजार बंद कराया जा रहा था। जबकि जिला मुख्यालय पर कांग्रेस प्रत्याशी सहित हजारों की संख्या में लोग जमा थे।

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  • Web Title:अफसरों की नादानी से फिरोजाबाद में बवाल