DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

रोगी की मदद

अस्पतालों में रोगी प्राय अपने कारागार रूपी कमरे में उकताहट से तंग आकर अपने परिवारवालों और दोस्तों को ढूंढ़ते हैं। बीमारी से जल्दी उबरने में हम उन्हें कुछ उपाय अपनाकर खुश रख सकते हैं। लेकिन कैसे? इससे जुड़ी कुछ बातों पर हम गौर करते हैं-

- सबसे पहले अस्पताल में रोगियों से मिलने के समय का पता करें। ध्यान रहे ये ऐसा समय हो जब आप रोगी के करीब रह सकें।

-आप रोगी से मिलने तभी जाएं जब आप पूरी तरह से बिल्कुल फिट और स्वस्थ्य हों, क्योंकि इससे आप संक्रमित भी हो सकते हैं। माना कि आपके रोगी में संक्रमण नहीं है, लेकिन दूसरे रोगियों में हो सकता है।

- हमेशा कमरा संख्या और तल का पता कर लें, जहां रोगी को रखा गया है। अगर आपके पहुंचने पर रोगी सो रहा हो या डॉक्टर रोगी की जांच कर रहा हो तो आप धैर्यपूर्वक इंतजर करें या फिर कुछ देर बाद आएं। अगर आपने इंतजार करने की सोच ली है तो वेटिंग रूम में जकर मैगजीन या अन्य किताबों के साथ खुद को शामिल करें।

- बुके या फिर कोई छोटा उपहार लाने से रोगी को खुशी और प्यार का एहसास होता है। इनके अलावा अच्छी किताबें, मैगजीन और खिलौने अच्छे विकल्प हो सकते हैं। घर का बना खाना साथ में न ले जाएं, चूकि अक्सर डॉक्टर इसे मना करते हैं। अगर आप रोगी को कुछ खिलाना ही चाहते हैं तो ऐसे फल लेकर जाएं जिन्हें उसे खाने की इजाजत हो।

- जब भी अस्पताल जाएं, शोर न करें। यहां आपको बिल्कुल शांत रहना चाहिए, ताकि दूसरे रोगी जो आराम कर रहे हैं, उन्हें तकलीफ न हो।

- जब अस्पताल में मिलने का समय खत्म हो या रोगी के चेहरे पर आप थकान महसूस करें तो बात करना बंद कर दें अथवा उससे फिर आने का कहकर विदा लें।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:रोगी की मदद