DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

परिवहन निगम की संपत्ति नष्ट करने वाले कर्मियों की अब खैर नहीं

 परिवहन निगम में वित्तीय अनियमितता और निगम की संपत्ति को नष्ट करने वाले कर्मचारियों की अब खैर नहीं। ऐसा करते पकड़े जाने वालों को न सिर्फ नौकरी से हाथ धोना पड़ेगा बल्कि उनके खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज की जाएगी। इसके लिए परिवहन निगम ने दो टीम गठित की है जो सभी प्रतिष्ठानों की जांच कर उसकी रिपोर्ट निगम मुख्यालय को सौंपेगी। उसके बाद उन पर उचित कार्रवाई की जाएगी। पटना, गया एवं मुजफ्फरपुर प्रमंडल की जांच के लिए रंगेश बिहारी, के. के. राय एवं संबंधित जिला का मोटर यान निरीक्षक शामिल रहेंगे। इसी तरह दरभंगा, भागलपुर, छपरा एवं पूर्णिया प्रमंडल के लिए गठित टीम में नर्मदेश्वर मिश्रा, सुभाष चन्द्र एवं संबंधित जिला का मोटर यान निरीक्षक शामिल रहेंगे।

प्राप्त जानकारी के अनुसार परिवहन निगम उन तमाम कर्मचारियों पर कार्रवाई करने का मन बनाया है जो निगम की संपत्ति को नष्ट करने पर लगे हुए हैं। बताया जाता है कि यह जांच टीम न सिर्फ आगे होने वाली वित्तीय अनियमितता की जांच करेगा बल्कि यदि कोई पूर्व में भी निगम निगम की संपत्ति को नष्ट करने का काम किया हो तो विभाग उनके खिलाफ जांच की जाएगी। जांच में पकड़े जाने पर न सिर्फ उस कर्मचारी को बर्खास्त किया जाएगा बल्कि उसके खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज की जाएगी।

हाल ही में वित्तीय अनियमितता एवं परिवहन निगम की संपत्ति को नष्ट करने के आरोप में बिहार राज्य पथ परिवहन निगम ने 11 कर्मियों को बर्खास्त करते हुए उनके विरुद्ध अविलंब प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया है। दरभंगा प्रतिष्ठान में पायी गई अनियमितता एवं कर्त्तव्यहीनता में संलिप्त कर्मियों में उमेश प्रसाद, महावीर पासवान, गोपालजी राय, रामबिहारी चौधरी, सत्येन्द्र कुमार सिंह, राजनाथ चौधरी, अंजनी कुमार श्रीवास्तव, ज्ञान दास, कौशलेन्द्र कुमार एवं मंजूर आलम शामिल हैं।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:संपत्ति नष्ट करने वाले कर्मियों की अब खैर नहीं