DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

ंस्नड्ढस्र्गस्नछस्न िस्नर्स्नक एस्न– ्फर्ञ्ेफ स्र्छस्नगर्स्नच्ह्रकस्क पुलिस चाहे तो रुकें सिलेण्डर विस्फोटं

21 मार्च 0पत्रकारपुरम चौराहे के पास गायत्री मिष्ठान भण्डार में विस्फोट, कई दुकानें क्षतिग्रस्त। आरोही प्लाजा के व्यापारियों ने मिठाई विक्रेता के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई-कार्रवाई शून्यड्ढr 23 मार्च 0गोमतीनगर के ही विकास खण्ड में कॉसल किंग नॉनवेज कार्नर में सिलेण्डर फटा, दीवार दरकी। घरेलू सिलेण्डर का इस्तेमाल करने का आरोप-मालिक गिरफ्तारड्ढr 24 मार्च 0नाका में बालाजी कचौड़ी भण्डार में गैस लीक से अग्निकाण्ड। आपूर्ति विभाग की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा लिखा। मालिक गिरफ्तार।ड्ढr राजधानी में चार दिन के भीतर कुकिंग गैस के तीन हादसे। इनमें दो तो सिर्फ गोमतीनगर में ही। लेकिन इन मामलों में पुलिस की कार्रवाई अलग-अलग रही। दो जगह तो पुलिस ने दुकान मालिकों को हवालात में पहँुचा दिया पर पहली घटना में चार दिन बाद भी पुलिस कार्रवाई शून्य है। पत्रकारपुरम की इस मिठाई दुकान में पुलिस मान रही है कि विस्फोट सिलेण्डर फटने से हुआ। लेकिन सिलेण्डर कहाँ गया? उसके परखच्चे उड़े तो टुकड़े क्यों नहीं मिले? यह सब पता करने की जरूरत ही पुलिस ने नहीं समझी।ड्ढr आरोही प्लाजा के ही एक व्यापारी का कहना है कि पत्रकारपुरम चौराहे वाली घटना के बाद पुलिस व प्रशासन ने सबक लिया होता हो तीसरे ही दिन विकास खण्ड के नानवेज कार्नर में आग न लगी होती। वहीं के एक अन्य दुकानदार का कहना है कि कम से कम कालोनियों में ही रेस्त्राँ व होटलों में अभियान चलाकर गोरखधंधा करने वाले दुकान मालिकों पर कार्रवाई की जानी चाहिए। गायत्री मिष्ठान भण्डार के खिलाफ एक कपड़ा व्यापारी एके खन्ना ने मुकदमा भी लिखाया है। उस पर ऊपर से दबाव बनाया जा रहा है। पुलिस खामोश है। गोमती प्लाजा के मंगलवार को भी इस मिठाई की दुकान में सुरक्षा के फिर कोई इंतजाम नहीं दिखे। जिस जगह विस्फोट हुआ था, वह जगह कनात लगाकर घेर दी गई है। आसपास क्षतिग्रस्त दुकानों में निर्माण कार्य चल रहा है। जब पुलिस अफसरों से पूछा गया तो कि आखिर दुकान मालिक के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं जा रही है? तो सीओ मनीष मिश्र का कहना था कि दिनेश यादव फरार है, जल्दी ही उनके खिलाफ और सख्त कार्रवाई की जाएगी। विस्फोट सिलेण्डर से ही हुआ:सीओड्ढr सीओ गोमतीनगर मनीष मिश्र का कहना है कि 32 वीं बटालियन से बम निरोधक दस्ते ने घटनास्थल का निरीक्षण किया था। वहाँ से उन्हें कोई विस्फोट सामग्री नहीं मिली थी। दस्ते ने पुलिस को दी रिपोर्ट में भी लिखा है कि गायत्री मिष्ठान भण्डार में धमाका बम विस्फोट से नहीं हुआ है। श्री मिश्र ने तर्क दिया कि यह विस्फोट बहुत शक्ितशाली था। इसलिए हो सकता है कि सिलेण्डर के परखच्चे उड़ गए हों। अगर ऐसा नहीं हुआ होगा तो यह भी आशंका है कि विस्फोट के बाद सिलेण्डर वहाँ से हटा दिया गया हो। सीओ ने यह भी कहा कि कुछ व्यापारियों ने पुलिस से शिकायत की है कि दुकान मालिक ने काफी अतिक्रमण भी कर रखा है। इससे उनकी दुकानदारी में भी बाधा पहुँचती है। इसके लिए पुलिस ने एलडीए को भी पत्र लिखा है। दुकान पर बम तो नहीं फेंका गयाड्ढr गायत्री मिष्ठान भण्डार के घायल कर्मचारियों ने अब यह कहना शुरू कर दिया है कि सिलेण्डर में विस्फोट ही नहीं हुआ था। वह अपना काम कर रहे थे, तभी दुकान के पिछले हिस्से में धमाका हुआ, जिससे सारा नुकसान हुआ। इस विस्फोट के बाद दुकान में आग लग गई। घटना के समय दुकान में पाँच व्यावसायिक गैस सिलेण्डर इस्तेमाल हो रहे थे जो बाद में सुरक्षित मिल गए। गोमती नगर पुलिस का कहना है कि एक कर्मचारी ने पुलिस को इस तरह की तहरीर दी थी जिस पर जाँच कराई जा रही है। पर, सीओ गोमतीनगर का कहना है कि यह मामले को उलझाने की कोशिश की जा रही है। बम निरोधक दस्ते की रिपोर्ट से भी साफ हो चुका है कि विस्फोट सिलेण्डर से हुआ है। उन्होंने यह भी तर्क दिया कि घटनास्थल से साफ है कि विस्फोट अन्दर की तरफ से हुआ है। अगर कोई बम फेंकता तो वह ऊपर की तरफ से गिरता अथवा दुकान के सामने से फेंकता।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: ंस्नड्ढस्र्गस्नछस्न िस्नर्स्नक एस्न– ्फर्ञ्ेफ स्र्छस्नगर्स्नच्ह्रकस्क पुलिस चाहे तो रुकें सिलेण्डर विस्फोटं